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GEOGRAPHY UGC NTA NET JRF PREVIOUS PAPERS IN HINDIयूजीसी नेट/जेआरएफ परीक्षा‚ जून- 2008 भूगोल व्याख्या सहित द्वितीय प्रश्न-पत्र का हल 0032.

GEOGRAPHY UGC NTA NET JRF PREVIOUS PAPERS IN HINDIयूजीसी नेट/जेआरएफ परीक्षा‚ जून- 2008 भूगोल व्याख्या सहित द्वितीय प्रश्न-पत्र का हल

1. V-आकार की घाटी निम्न में निर्मित हुई है:
(a) हिमनदीय अपरदन की प्रौढ़ावस्था में
(b) नदीय अपरदन चक्र की जीर्णावस्था में
(c) नदीय अपरदन चक्र की तरुणावस्था में
(d) शुष्क चक्र की जीर्णावस्था में
उत्तर-(c) : V आकार की घाटी नदीय अपरदन चक्र की तरुणावस्था में निर्मित हुई है। V आकार की घाटी अपरदन द्वारा उत्पन्न स्थलरूप है। V आकार की घाटी में सर्वप्रथम नदी अपनी तली को काट कर उसे गहरा करती है‚ जिसके कारण नदी घाटी की गहरायी सदैव बढ़ती जाती है तथा घाटी का आकार आंग्लभाषा के V अक्षर के समान हो जाती है। इसमें दीवालों का ढाल तीव्र उत्तल होता है। नदी की घाटी अत्यन्त तंग एवं सँकरी होती है। V आकार की घाटियों को दो वर्गों में विभाजित किया जा सकता हैगार्ज तथा कैनियन। सामान्य रूप में बहुत गहरी तथा सँकरी घाटी को गार्ज कहते हैं तथा गार्ज के विस्तृत रूप को कैनियन कहते हैं।
2. ‘पैंजिया’ का प्रयोग किसके द्वारा किया गया था?
(a) अल्फ्रेड वेगनर (b) ए. एन. स्ट्रालर
(c) शार्प (d) डब्ल्यु. एम. स्मिथ
उत्तर-(a) : ‘पैंजिया’ का प्रयोग अल्फ्रेड वेगनर के द्वारा किया गया। प्रोफेसर वेगनर जर्मनी के एक प्रसिद्ध जलवायुवेत्ता तथा भूगोलवेत्ता थे। वेगनर ने महाद्वीपीय प्रवाह सिद्धान्त 1912 में प्रस्तुत किया तथा उन्होंने बताया कार्बानिकरस युग में समस्त स्थल भाग‚ एक स्थल भाग के रूप में संलग्न थे। इस स्थलपिण्ड का नामकरण उन्होंने पैन्जिया किया है। पैन्जिया चारों तरफ से एक विस्तृत जलभाग द्वारा आवृत्त था। इस विशाल जल भाग को वेगनर ने पैन्थलासा कहा। उन्होंने पैन्जिया के उत्तरी भाग को लारेशिया तथा दक्षिणी भाग को गोण्डवानालैण्ड कहा।
3. बेंगुयेला धारा किस महासागर में प्रवाहित होती है?
(a) प्रशान्त महासागर
(b) हिन्द महासागर
(c) अटलांटिक (अंध) महासागर
(d) आर्कटिक महासागर
उत्तर-(c) : बेंगुएला ठंडी धारा अटलांटिक महासागर में प्रवाहित होती है यह अफ्रीका के आशा अंतरीप के निकट दक्षिणी अटलांटिक महासागरीय ड्रिफ्थ दो शाखाओं में बंट जाती है। एक शाखा अफ्रीका के दक्षिण में बह जाती है और दूसरी शाखा पश्चिमी तट के साथ दक्षिण से उत्तर की ओर बहती है। यह ठण्डे क्षेत्र से गर्म क्षेत्र में जाती है इसलिए वेनेजुएला ठण्डी धारा कहलाती है। उत्तर की ओर बहती हुयी यह धारा अन्त में विषुवतीय धारा से मिलकर दक्षिणी अटलांटिक महासागर का चक्र पूरा करती है।
4. ‘दृश्यभूमि संरचना‚ प्रक्रिया और अवस्था का प्रकार्य
(फलन) है’ यह अवधारणा किसके द्वारा प्रस्तुत की गई?
(a) ग्रिफिथ टेलर (b) डेविस
(c) पेंक (d) थॉर्नबरी
उत्तर-(b) : ‘‘दृश्यभूमि संरचना‚ प्रक्रिया और अवस्था का प्रकार्य
(फलन) है’’ यह अवधारणा डेविस के द्वारा प्रस्तुत की गयी डेविस ने अपने भौगोलिक चक्र को निम्न रूप में व्यक्त किया-
‘‘भौगोलिक चक्र समय की अवधि होता है जिसके दौरान उत्थित स्थलखण्ड का स्थलाकृतिक निर्माणक प्रक्रमों द्वारा एक आकृतिविहीन मैदान में परिवर्तन हो जाता है।’’
5. अम्ल वर्षा किस कारण से होती है?
(a) वायुमंडल में कार्बन-डाइ-आक्साइड की अधिकता
(b) वर्षण द्वारा सल्फरिक एसिड का प्रक्षाल प्रवाह
(c) उष्णकटिबंधीय वनों से ग्रीन हाउस (हरित गृह) गैसों के उत्सर्जन में अधिकता
(d) वायुमंडल में गैसों के संयोजन में असाधारण विभिन्नता
उत्तर-(b) : अम्लीय वर्षा प्राकृतिक रूप से ही अम्लीय होती है। पृथ्वी के वायुमण्डल में सल्फर डाइऑक्साइड और नाइट्रोजन ऑक्साइड का वर्षण के रूप में प्रक्षाल प्रवाह अम्ल वर्षा का प्रमुख कारण है।
6. नीचे दो कथन दिये गये हैं‚ एक को अभिकथन (A) और दूसरे को कारण (R) कहा गया है। नीचे दिये संकेतों से सही उत्तर का चयन कीजिये।
अभिकथन (A) :
नदी घाटियां अपनी तरुण अवस्था में सामान्यतया संकीर्ण आकार की होती है।
कारण (R) : जलगर्तिका वेधन नदी घाटियों के नीचे की ओर कटाव के लिये उत्तरदायी प्रमुख अपरदनीय प्रक्रिया है। 295
कूट:
(a) (A) और (R) दोनों सही हैं और (R), (A) का सही स्पष्टीकरण है।
(b) (A) और (R) दोनों सही हैं परन्तु (R), (A) का सही स्पष्टीकरण नहीं है।
(c) (A) सत्य है‚ परन्तु (R) असत्य है।
(d) (A) असत्य है‚ परन्तु (R) सत्य है।
उत्तर-(b) : उपरोक्त कथन एवं कारण दोनों सत्य है लेकिन कारण कथन की सही व्याख्या नहीं कर रहा है। ध्यातव्य है जलगर्तिका स्थलाकृति का निर्माण नदियों द्वारा अपनी तली के काटने से निर्मित होती है। यह स्थलाकृति अपरदन क्रिया का उदाहरण है।
7. निम्नलिखित में से किस प्रकार के बादल सबसे निचली परत में होते हैं?
(a) स्तरी (b) कपासी
(c) कपासी वर्षा (d) पक्षाभ
उत्तर-(a) : स्तरी प्रकार के बादल सबसे निचली परत में होते हैं। ये बादल कुहरे के समय होते हैं परन्तु धरातल से सटे नहीं होते हैं। इनकी रचना कई समान परतों से होती है। इनका निर्माण दो विपरीत स्वभाव वाली हवाओं के मिलने से प्राय: शीतोष्ण कटिबन्ध में सर्दियों में होता है।
8. प्रदूषण शिखा परिणाम है:
(a) दबाव प्रवणता द्वारा उत्पन्न एक प्रादेशिक वायु का
(b) तापमान के असमान वितरण का
(c) सुप्त उष्मा द्वारा उत्पन्न असामान्यताओं का
(d) वायु संहति के विभिन्न प्रकारों के बीच अंतर्क्रिया का
उत्तर-(c) : प्रदूषण शिखा सुप्त उष्मा द्वारा उत्पन्न असमान्यताओं का परिणाम है।
9. ध्रुवीय वाताग्रीय (पोलर फ्रन्टल) सिद्धान्त किससे सम्बन्धित है?
(a) व्यापारिक पवन क्षेत्र की उत्पत्ति
(b) उष्णकटिबंधीय चक्रवात की उत्पत्ति
(c) टोर्नेडो की उत्पत्ति
(d) जेट स्ट्रीम की उत्पत्ति
उत्तर-(d) : ध्रुवीय वाताग्रीय (पोलर फ्रन्टल) सिद्धान्त शीतोष्ण कटिबन्धीय चक्रवात से सम्बन्धित है। धु्रवीय वाताग्र सिद्धान्त जे.
बर्कनीज द्वारा सन् 1918 में प्रतिपादित किया गया। धु्रवीय वाताग्र सिद्धान्त मुख्य रूप से वाताग्रों के निर्माण की प्रक्रियाओं पर आधारित है। इस सिद्धान्त के अनुसार चक्रवातों का आर्विभाव वाताग्र के बनने पर आधारित होता है। जब दो विपरीत तापमान वाली वायुराशियाँ विपरीत दिशाओं से आकर आमने-सामने मिलती है तो वाताग्र का निर्माण होता है।
10. प्रवाल द्वीप वलय (ऐटॉल) किसकी भिन्न अवस्थाओं में से एक है?
(a) प्राकृतिक जलाशय
(b) दबाव तन्त्र
(c) प्रवाल विकास
(d) महासागर में कार्बन कुंड का विकास
उत्तर-(c) : स्थल से दूर तथा गहरे सागरों में अँगूठी या घोड़े के नाल के आकार की प्रवाल भित्ति को प्रवाल वलय कहते हैं। प्राय:
इसका निर्माण किसी द्वीप के चारों ओर होता है। यह छिछले लैगून को पूर्णत: अथवा अंशत: घेरे रहती है। अत: स्पष्ट है कि प्रवाल द्वीप वलय (ऐटॉल) प्रवाल विकास की भिन्न अवस्थाओं में से एक है।
11. सूची I को सूची II से सुमेलित कीजिए और नीचे दिये संकेतों से सही उत्तर चुनिए। सूची I सूची II
(भू-आकृतिक प्रदेश) (पहाड़ी/श्रेणी)
(a) अरावली (i) मिशमी पहाड़ियाँ
(b) कर्नाटक पठार (ii) दिल्ली रेंज
(c) सतपुरा पर्वत (iii) बाबा बुदन पहाड़ियाँ
(d) हिमालय (iv) मेकल श्रेणी
कूट:
(a) (b) (c) (d)
(a) (i) (ii) (iii) (iv)
(b) (iv) (iii) (ii) (i)
(c) (iii) (ii) (i) (iv)
(d) (ii) (iii) (iv) (i)
उत्तर-(d) :
पहाड़ी श्रेणी भू आकृतिक प्रदेश
अरावली दिल्ली रेंज कर्नाटक पठार बाबा बुदन पहाड़ियाँ सतपुडा पर्वत मैकाल श्रेणी हिमालय मिशमी पहाड़ियाँ
12. वॉन थ्युनेन माडल के अनुसार एकान्तिक क्षेत्र में केन्द्रीय नगर को घेरते हुए भूमि उपयोग के खंडों में से चार निम्नलिखित हैं:
(i) ईंधन लकड़ी एवं काष्ठ
(ii) गहन सस्य कृषि (चारण एवं कंद मूल की फसलें)
(iii) सस्य कृषि (परती और चारागाह के साथ)
(iv) बाजार बागवानी और ताजा दूध नीचे दिये संकेतों का उपयोग करते हुए भूमि उपयोग खंडों का केन्द्र से बाहर की ओर सही अनुक्रम का चयन कीजिए।
कूट:
(a) (i), (ii), (iii) और (iv)
(b) (iv), (ii), (iii) और (i)
(c) (iv), (i), (ii) और (iii)
(d) (iii), (ii), (iv) और (i)
उत्तर-(c) : वॉन थ्यूनेन ने सर्वप्रथम 1826 ई. में कृषि के स्थानीकरण के सिद्धान्त का प्रतिपादन किया था। वॉनथ्यूनेन ने केन्द्रीय नगर के चारों ओर कृषि भूमि उपयोग की निम्न विभिन्न संक्रेन्द्रिय पेटियाँ बतायी-
(i) शाक सब्जी उत्पादन
(ii) काष्ट उत्पादन
(iii) अन्न उत्पादन
(iv) चारागाह एवं परती के साथ शस्यावर्तन
(v) त्रिक्षेत्र पद्धति
(vi) पशुपालन 296
13. क्षेत्रीय भिन्नता की अवधारणा किसने प्रतिपादित की है?
(a) ़जीन ब्रून्स (b) रिचर्ड हार्टशॉर्न
(c) डेविड एम. स्मिथ (d) एच. एस. बैरोज
उत्तर-(b) : अमेरिकन भूगोलवेत्ता रिचार्ड हार्टशॉर्न प्रादेशिक भूगोलवेत्ता थे। इन्होंने भूगोल में इडियोग्राफिक दृष्टिकोण का विकास किया। इन्होंने भूगोल में क्षेत्रीय भिन्नता की अवधारणा का विकास किया। इनकी प्रमुख पुस्तकें निम्न हैं-
(i) Nature of Geography (1939)
(ii) Perspectives on the nature of Geography (1959)
14. सूची I को सूची II से सुमेलित कीजिए और नीचे दिये संकेतों से सही उत्तर चुनिए। सूची I सूची II
(पुस्तक) (लेखक)
(a) ज्योग्राफिक ह्युमेन (i) टॉलेमी
(b) इन्फ्लुएंस ऑफ (ii) कार्ल रिट्टर ज्योग्राफिक एनवायरनमेंट
(c) अर्दकुंदे (iii) ़जीन ब्रून्स
(d) अल्माजेस्ट (iv) ई.सी. सेम्पुल
कूट:
(a) (b) (c) (d)
(a) (iii) (iv) (ii) (i)
(b) (iv) (iii) (i) (ii)
(c) (i) (ii) (iii) (iv)
(d) (ii) (i) (iv) (iii)
उत्तर-(a) :
पुस्तक लेखक
ज्योग्राफिक ह्युमेन : जीन ब्रून्स इन्फ्लुएंस आफ ज्योग्राफिकल एनवायरमेंट : ई. सी. सेम्पुल अर्डकुन्डे : कार्ल रिटर अल्मालेस्ट : टालमी
15. ब्रिटेन में परिमाणात्मक क्रान्ति को मुख्य रूप से किसने लोकप्रिय बनाया?
(a) डेविड एम. स्मिथ (b) टी. डब्ल्यु. फ्रीमेन
(c) पीटर हैगेट (d) एल. डडले स्टैम्प
उत्तर-(c) : ब्रिटेन में परिमाणात्मक क्रान्ति को पीटर हैगेट ने लोकप्रिय बनाया। परिमाणात्मक क्रान्ति का मुख्य उद्देश्य भूगोल को वर्णनात्मक विषय से वैज्ञानिक तथा विश्लेषणात्मक विषय में परिवर्तित करना था। पीटर हैगेट ने चोर्ली के साथ भूगोल में मॉडल विकास को पोषित किया तथा भौगोलिक तथ्यों के संश्लेषण तथा विश्लेषण पर प्रकाश डाला। इनकी प्रमुख पुस्तकें निम्न हैं-
(i) Vocational Analysis in Human Geography
(ii) Geography a modern synthesis
(iii) Models in Geography
16. भौगोलिक विचारधारा के विकास से सम्बन्धित निम्नलिखित अनुक्रमों में से कौन सा सही है?
(a) कान्ट-वैरेनियस-वाइडल डि ला ब्लाश- हमबोल्ट
(b) वैरेनियस-कान्ट-हम्बोल्ट-वाइडल डि ला ब्लाश
(c) वाइडल डि ला ब्लाश-हमबोल्ट-वैरेनियस-कान्ट
(d) हमबोल्ट-वैरेनियस-कान्ट-वाइडल डि ला ब्लाश
उत्तर-(b) : भौगोलिक विचारधारा के विकास से सम्बन्धित निम्न अनुक्रम सही है-
वरेनियस- काण्ट- हम्बोल्ट- वाइडल-डी- ला ब्लाश वेरेनियस (1622-1650) की महत्वपूर्ण कृति ‘ज्योग्राफिया जेनेरलिस’ 1650 में प्रकाशित हुयी। वरेनियस ने भूगोल में द्वैधता की नींव डाली। काण्ट (1724-1804) ने वैज्ञानिक भूगोल को दार्शनिक आधार प्रदान किया। इन्होंने 1781 में ‘क्रिटीक आफ प्योर रीजन’ नामक पुस्तक प्रकाशित की।
17. भारत में किसी प्रदेश का अधिवास प्रतिरूप प्रभावित होता है:
(a) सामाजिक अवसंरचना के द्वारा
(b) भौतिक सहलग्नता के द्वारा
(c) जनसंख्या वृद्धि दर के द्वारा
(d) कृषि पद्धतियों के द्वारा
उत्तर-(d) : भारत में किसी प्रदेश का अधिवास प्रतिरूप सर्वाधिक कृषि पद्धतियों के द्वारा प्रभावित होता है।
18. नगर-प्रदेश की विशेषता है:
(a) अल्पविकास
(b) पिछड़ापन
(c) खनिज संसाधनों की उपलब्धता
(d) संकेन्द्रित विकास
उत्तर-(d) : नगर प्रदेश की प्रमुख विशेषता ‘सकेन्द्रित विकास’ है। सकेन्द्रित विकास का प्रमुख आधार निर्यात व्यापार पर आश्रित होता है। ध्यातव्य है कि सकेन्द्रित विकास पाँच वलयों के रूप में बाहर की ओर वृद्धि करता है। बशर्ते की प्रतिरूप को विकृत करने वाली भौतिक बाधाएँ (पर्वत या नदी) उपस्थित न हों।
19. भारत में 1991-2001 के बीच दशकीय जनसंख्या वृद्धि दर थी:
(a) 20.11% (b) 26.20%
(c) 23.60% (d) 21.34%
उत्तर-(d) : 1991-2001 के बीच भारत की जनसंख्या दशकीय वृद्धि दर 21.54% रही है जिसका निकटतम विकल्प 21.34% है। ध्यातव्य है कि 2011 की जनगणना के अनुसार 2001-2011 के बीच जनसंख्या दशकीय वृद्धि दर 17.70% रही है। 297
20. किसी स्थान की केन्द्रीयता किसके आधार पर निर्धारित होती है?
(a) उसकी परिवहन प्रणाली
(b) उसका प्रशासनिक स्तर
(c) उसकी प्रकार्यात्मक सुदृढ़ता
(d) शैक्षणिक संस्थाओं की संख्या
उत्तर-(a) : प्रत्येक केन्द्रीय स्थान परिवहन मार्गों के मिलन स्थल पर केन्द्रित होता है। यह अपने आस-पास के इलाके की सेवा इन मार्गों की सहायता से ही करता है। किसी स्थान की केन्द्रियता केन्द्रीय स्थान द्वारा प्राप्त की गयी सेवाएँ तथा उनका प्रभाव क्षेत्र‚ वहाँ पर होने वाले कार्य की संख्या‚ उनकी विशेषता‚ विस्तार तथा मात्रा पर निर्भर करती है। स्पष्ट है कि बड़े नगरों की केन्द्रीयता अधिक तथा छोटे कस्बों व गाँवों की केन्द्रीयता कम होती है। बड़े केन्द्र का प्रभाव क्षेत्र भी बड़ा होता है।
21. रिमलैंड सिद्धान्त के प्रतिपादक का नाम बताइए:
(a) मैकिण्डर (b) स्पाइकमैन
(c) मॉन्कहाउस (d) हार्टशॉर्न
उत्तर-(b) : स्पाइकमैन ने 1944 में ‘‘शान्ति का भूगोल’’ नामक पुस्तक लिखी जिसमें उन्होंने रिमलैण्ड के सिद्धान्त को प्रस्तुत किया। उन्होंने मैकिण्डर के विचारों के विपरीत विचार प्रकट किया और बताया कि हृदय स्थल तथा रिमलैण्ड का सर्वाधिक महत्व है। हृदय स्थल के इर्द-गिर्द रिमलैण्ड है‚ जो अंशत: महाद्वीपीय तथा अंशत: महासागरीय है। स्पाइकमैन की मान्यता है कि हृदय स्थल की तुलना में रिमलैण्ड अधिक महत्वपूर्ण है।
22. भारत में ग्रामीण विकास के लिये निम्नलिखित में से कौन सा मॉडल उपयुक्त है?
(a) ट्रक- रेलवे- नौप्रेषण- बैल गाड़ी
(b) बैल गाड़ी- ट्रक- रेलवे- जलयान
(c) रेलवे- जलयान- वायु परिवहन- बैल गाड़ी
(d) बैल गाड़ी- रेलवे- वायु परिवहन- जलयान
उत्तर-(b) : भारत में ग्रामीण विकास के लिए उपयुक्त मॉडल बैलगाड़ी-ट्रक-रेलवे एवं जलयान है‚ ध्यातव्य है भारत में बैलगाड़ी को प्रारम्भिक परिवार साधन के रूप में जाना जाता है धीरे-धीरे उसका स्थान ट्रक‚ फिर रेलवे एवं जलयान ने ले लिया।
23. निम्नलिखित में से किसने शस्य संयोजन विधि को सर्वप्रथम सूत्रबद्ध किया?
(a) नेल्सन (b) दोई
(c) रफीउल्ला (d) वीवर
उत्तर-(d) : शस्य संयोजन विधि को सर्वप्रथम जे. सी. वीवर ने सूत्रबद्ध किया। वीवर ने अपने अध्ययन में प्रत्येक फसल द्वारा अधिकृत कुल शस्य भूमि के क्षेत्र के प्रतिरूप को परिकलित किया।
24. जनसंख्या प्रवास-प्रवाह किसके द्वारा निर्धारित होता है?
(a) राजनैतिक निर्णय (b) ‘पुश ऐंड पुल’ कारक
(c) ऐतिहासिक घटनायें (d) धार्मिक कारक
उत्तर-(b) : जनसंख्या प्रवास प्रवाह ‘पुश एण्ड पुल’ कारक द्वारा निर्धारित होता है। मनुष्य जब अपने निवास को परिवर्तित करने के लिए एक स्थान से दूसरे स्थान को स्थानान्तरण करता है तो उसे प्रवास कहते हैं। किसी देश से दूसरे देश में लोगों के आने को इमीग्रेशन तथा जाने को ऐमिग्रेशन कहते हैं।
25. हॉयट ने प्रतिपादित किया:
(a) शहर संरचना का खंडीय मॉडल
(b) कोटि-आकार नियम
(c) प्रमुख (प्राइमेट) नगर की अवधारणा
(d) नगर-संरचना का बहु-केन्द्रक मॉडल
उत्तर-(a) : शहर संरचना का खण्डीय माँडल- हॉयट कोटि आकार नियम- एफ. ओयरबैक प्रमुख नगर की अवधारणा- मार्क जैफरसन नगर संरचना का बहु केन्द्रीय मॉडल- डी. हैरिस तथा एडवर्ड
एल. उलमैन
26. सूची I का सूची II के साथ मिलान कीजिए और नीचे दिये संकेतों से सही उत्तर का चयन कीजिए। सूची I सूची II
(राज्य) (लोह-अयस्क का संचित भंडार %)
(a) उड़ीसा (i) 0.7
(b) झारखंड (ii) 18
(c) मध्य प्रदेश (iii) 26
(d) राजस्थान (iv) 22
कूट:
(a) (b) (c) (d)
(A) (iv) (iii) (ii) (i)
(B) (i) (ii) (iii) (iv)
(C) (iii) (i) (ii) (iv)
(D) (ii) (iii) (i) (iv)
उत्तर-(a) :
(राज्य) (लौह-अयस्क का संचित भंडार %)
(a) उड़ीसा 22
(b) झारखंड 26
(c) मध्य प्रदेश 18
(d) राजस्थान 0.7
27. जनांकिकी संक्रमण मॉडल निम्नलिखित में से किस क्षेत्र के जनांकिकी अनुभव के आंकड़ों पर आधारित है?
(a) उत्तर पश्चिमी यूरोप (b) स. रा. अमरीका
(c) दक्षिण-पूर्वी एशिया (d) दक्षिणी अमेरीका
उत्तर-(a) : जनांकिकीय संक्रमण सिद्धान्त का मूल प्रतिपादन नोटेस्टीन ने सन् 1945 में किया था। उन्होंने पश्चिमी यूरोपीय देशों के अनुभवों का प्रयोग करके जनसंख्या के कालिक वृद्धि प्रतिरूप का सामान्यीकरण जन्मदर और मृत्युदर में होने वाले कालानुक्रमीय परिवर्तनों के आधार पर किया। 298
28. नीचे दो कथन दिए गये हैं एक को अभिकथन (A) और दूसरे को कारण (R) कहा गया है। नीचे दिये संकेतों से अपने उत्तर का चयन कीजिए।
अभिकथन (A) :
जापान एक विकसित देश है।
कारण (R) : देश के विकास के लिए उसके प्राकृतिक संसाधनों का देश के भीतर होना नितान्त आवश्यक है।
कूट:
(a) (A) और (R) सही हैं और (R), (A) का सही स्पष्टीकरण है।
(b) (A) और (R) दोनों सही है परन्तु (R), (A) का सही स्पष्टीकरण नहीं है।
(c) (A) सही है और (R) गलत है।
(d) (R) सही है परन्तु (A) गलत है।
उत्तर-(c) : उपरोक्त प्रश्न में कथन सत्य है जबकि कारण असत्य है अत: उत्तर (c) होगा।
29. वेबर द्वारा प्रस्तावित औद्योगीकरण के सिद्धान्त का नाम बताइए :
(a) परिवहन- लागत सिद्धान्त
(b) संसाधन आधारित सिद्धान्त
(c) स्वच्छंद (फुटलू़ज) उद्योग सिद्धान्त
(d) श्रम आधारित सिद्धान्त
उत्तर-(a) : वेबर द्वारा प्रस्तावित औद्योगीकरण के सिद्धान्त का नाम ‘परिवहन-लागत सिद्धान्त’ है। वेबर के अनुसार कारखाने के स्थानीकरण के लिए वह स्थान उपयुक्त होता है‚ जहाँ कच्चे मालों को एकत्रित करने का परिवहन व्यय और निर्मित माल को बाजार तक भेजने आदि में लगने वाली लागत न्यूनतम हो तथा निर्मित माल के विक्रय से प्राप्त आय अधिकतम हो।
30. कृषि के विविधीकरण की आधुनिक अवधारणा किससे सम्बन्धित है?
(a) फसलों की अधिक संख्या
(b) मूल्य वर्द्धित फसलें
(c) एकल फसलें
(d) पारिस्थितिक रूप से सर्वाधिक उपयुक्त फसलें
उत्तर-(a) : कृषि के विविधीकरण की आधुनिक अवधारणा फसलों की अधिक संख्या से सम्बन्धित है।
31. वॉन-थ्युनेन ने किस वर्ष में कृषि भूमि उपयोग के मंडलीकरण का मॉडल विकसित किया?
(a) 1817 (b) 1826
(c) 1850 (d) 1847
उत्तर-(b) : वॉन-थ्युनेन ने अपने प्रबन्ध के अनुभव के आधार पर सन् 1826 में The Jsolated state नामक पुस्तक लिखी जिसमें उन्होंने अपना कृषि अवास्थिति मॉडल प्रस्तुत किया। सम्भवत: यह विश्व का प्रथम आर्थिक मॉडल था। वॉन थ्यूनेन का सिद्धान्त तुलनात्मक लाभ के सिद्धान्त पर आधारित है। उनके अनुसार बाजार से दूरी बढ़ने के साथ-साथ आर्थिक अधिशेष या लगान में ह्रास होता जाता है जिसके कारण भूमि उपयोग में अन्तर पाया जाता है।
32. गोंडों का संकेन्द्रण मुख्य रूप से कहाँ है?
(a) भारतीय थार मरुस्थल (b) बघेल खंड प्रदेश
(c) बस्तर प्रदेश (d) बुन्देलखंड प्रदेश
उत्तर-(c) : गोंडों का अधिकतम संकेन्द्रण मुख्य रूप से महाराष्ट्र के चन्द्रपुर‚ मध्य प्रदेश के मॉन्डला तथा छत्तीसगढ़ के बस्तर जिलों में पाया जाता है। यह संथाल के बाद भारत का दूसरा बड़ा जनजाति समूह है। गोंड के मुख्य उद्यम निम्न है- कृषि‚ आखेट‚ वनों की उपज इकट्ठा करना‚ पशुचारण।
33. निम्नलिखित में से कौन सी फसल अंतर्राष्ट्रीय बाजार में बड़े पैमाने की पूर्ति और मांग के लिये उपयोग होती है?
(a) मिलेट (ज्वार बा़जरा आदि)
(b) चावल
(c) गेहूँ
(d) चना
उत्तर-(c) : गेहूँ की फसल अन्तर्राष्ट्रीय बाजार में बड़े पैमाने की पूर्ति और माँग के लिए उपयोगी होती है। प्रमुख गेहूँ उत्पादक देश निम्न है- चीन (ह्वांग हो घाटी‚ लोएस मैदान)‚ रूस‚ यूक्रेन‚ भारत‚ संयुक्त राज्य अमेरिका आदि।
34. भारतीय उप-महाद्वीप में मानसून की उत्पत्ति मुख्यता किससे सम्बन्धित है?
(a) एलनिनों और एलनिनो-दक्षिणी दोलन घटनायें
(b) स्थलस्थित मौसमी क्षोभ
(c) भारतीय उप-महाद्वीप की आकृति
(d) भारतीय महासागर में समुद्र तलीय तापमान परिवर्तन
उत्तर-(d) : भारतीय उपमहाद्वीप में मानसून की उत्पत्ति भारतीय महासागर में समुद्रतलीय तापमान परिवर्तन के कारण होती है। जिसकों फ्लोन महोदय द्वारा बताया गया है। क्लॉसिकल सिद्धान्त के अन्तर्गत तापीय तथा गतिकीय सिद्धान्त आते हैं जो हिन्द महासागर के तापमान पर आधारित हैं लेकिन नवीन मान्यता के अनुसार एलनीनो‚ जेटस्ट्रीम‚ तिब्बत का पठार आदि भारतीय मानसून को प्रभावित कर रहें हैं जिसके अन्तर्गत ENSO आते हैं। अत: भारतीय मानसून की उत्पत्ति का मुख्य कारण हिन्द महासागर में समुद्रतलीय तापपरिवर्तन है।
35. राज्यों का कौनसा अनुक्रम लिंग-अनुपात के अधोमुखी क्रम में है?
(a) आन्ध्र प्रदेश- तमिल नाडु- छत्तीसगढ़- केरल
(b) तमिलनाडु- केरल- आन्ध्र प्रदेश- छत्तीसगढ़
(c) केरल- छत्तीसगढ़- तमिल नाडु- आन्ध्र प्रदेश
(d) छत्तीसगढ़- आन्ध्र प्रदेश- केरल- तमिलनाडु
उत्तर-(*) : राज्य लिंग अनुपात केरल 1084 तमिलनाडु 996 आन्ध्रप्रदेश 993 छत्तीसगढ़ 991 इस प्रकार कोई भी विकल्प सुमेलित नहीं है। 299
36. मेघालय राज्य निम्नलिखित में से किस जनजातीय संयोजन के लिये जाना जाता है?
(a) खासी- म़िजो (b) गारो- खासी
(c) नागा- म़िजो (d) खासी- नागा
उत्तर-(b) : मेघालय राज्य गारो-खासी जनजातीय संयोजन के लिए जाना जाता है। इन जनजाति समूह में मातृ सत्ता प्रधान सामाजिक संगठन पाया जाता है। ये सीढ़ीदार खेतों में कृषि करते हैं। ये झूमिंग प्रकार की कृषि करते हैं। जिसके अन्तर्गत पहाड़ी ढाल के जंगलों को काटकर दो या तीन वर्षों तक कृषि की जाती है उसके बाद 6 या 7 वर्षों के लिए उस भूमि को खाली छोड़ दिया जाता है।
37. नीचे दो कथन दिए गये हैं एक को अभिकथन (A) और दूसरे को कारण (R) कहा गया है। नीचे दिये संकेतों से अपने उत्तर का चयन कीजिए।
अभिकथन (A) :
नये औद्योगिक नगरों में पुरुष-प्रौढ़ जनसंख्या अधिकता होती है।
कारण (R) : प्रवास आयु एवं लिंग चयनात्मक है। संकेत :
(a) (A) और (R) सही हैं और (R), (A) का सही स्पष्टीकरण है।
(b) (A) और (R) दोनों सही है परन्तु (R), (A) का सही स्पष्टीकरण नहीं है।
(c) (A) सही है‚ परन्तु (R) गलत है।
(d) (A) गलत है‚ परन्तु (R) सही है।
उत्तर-(a) : नये औद्योगिक नगरों में पुरुष-प्रौढ़ जनसंख्या की अधिकता होती है क्योकि प्रवास आयु एवं लिंग चयनात्मक है। इस तरह कथन और कारण दोनों सत्य है एवं कारण कथन की सही व्याख्या भी कर रहा ह।
38. महाराष्ट्र में पश्चिमी घाट किस नाम से जाना जाता है?
(a) नीलगिरी (b) कार्डमम् हिल्स
(c) अन्नामलाई (d) सह्याद्रि
उत्तर-(d) : महाराष्ट्र के पश्चिमी घाट को सह्याद्रि के नाम से जाना जाता है। यह पर्वत श्रेणी दक्षिणी पठार की पश्चिमी सीमा बनाती है। इसका ढाल घाट की भाँति सीढ़ीनुमा है‚ जिसके कारण इसे पश्चिमी घाट कहते हैं। यह पश्चिमी तट के समीप उसके समानान्तर उत्तर-दक्षिण दिशा में फैली हुयी है। इसकी औसत ऊँचाई 1000 से 1200 मीटर है। इसका पश्चिमी ढाल तीव्र तथा पूर्वी ढाल मन्द है।
39. महासागर और समुद्र की गहराइयाँ दर्शानेवाले मानचित्र को कहते हैं:
(a) मानवजाति मानचित्र (b) पर्वतीय मानचित्र
(c) अनुगंभीर मानचित्र (d) भू-वैज्ञानिक मानचित्र
उत्तर-(c) : महासागर में समुद्र की गहराइयों को दर्शाने वाले मानचित्र को अनुगंभीर मानचित्र कहते हैं जबकि भू-वैज्ञानिक विन्यास को दर्शाने वाले मानचित्र को भू-वैज्ञानिक मानचित्र कहते हैं।
40. निम्नलिखित में से कौनसा सबसे बड़ा मानचित्रीय मापक है?
(a) 1: 500,000 (b) 1: 100,000
(c) 1: 50,000 (d) 1: 10,000
उत्तर-(d) : 1:10‚000 सबसे बड़ा मानचित्रीय मापक है। 1:
50‚000 से कम प्रदर्शक भिन्न वाले मानचित्र बड़े मानचित्रीय मापक है। बड़े मानचित्रीय मापक में छोटे क्षेत्रों को दर्शाया जाता है।
41. नदी का बेसिन है:
(a) लघु प्रदेश (b) बृहत प्रदेश
(c) पहाड़ी प्रदेश (d) पिछड़ा प्रदेश
उत्तर-(b) : नदी का बेसिन बृहद प्रदेश कहलाता है। ध्यातव्य है कि बेसिन मुख्य नदी एवं सहायक नदियों के अपवाह क्षेत्र को कहते हैं।
42. निम्नलिखित में से कौन सा नोडल प्रदेश है?
(a) औद्योगिक प्रदेश
(b) जनजातीय प्रदेश
(c) महानगरीय प्रदेश
(d) राज्य में केन्द्रीय क्षेत्र (सेन्ट्रल डिस्ट्रिक्ट)
उत्तर-(d) : नोडल प्रदेश का सम्बन्ध किसी राज्य में स्थित उस केन्द्रीय स्थान से है‚ जहाँ सभी प्रकार की आवश्यक सेवाएँ जैसे स्वास्थ्य‚ शिक्षा सम्बन्धी सेवाएँ‚ उद्योग‚ वाणिज्य‚ व्यापार‚ परिवहन आदि आसानी से उपलब्ध हो सकें।
43. अग्रगामी सहलग्नताएँ सुलभ बनाती है:
(a) विविधीकरण को
(b) असंतुलित विकास को
(c) संसाधनों पर अत्यधिक दबाव को
(d) सामाजिक विकास को
उत्तर-(a) : अग्रगामी सहलग्नताएँ विविधीकरण को सुगम बनातीं हैं।
44. राष्ट्रीय दूरस्थ संवेदन एजेन्सी (एन.आर.एस.ए.) कहाँ अवस्थित है?
(a) देहरादून में (b) हैदराबाद में
(c) बंगलोर में (d) थुम्बा में
उत्तर-(b) : राष्ट्रीय दूरस्थ संवेदन एजेन्सी (एन. आर. एस. ए.) हैदराबाद में अवस्थित है। दूर संवेदन आधारित कई‚ मुख्य राष्ट्रीय परियोजनाएँ शुरू की गयी है। जिसमें कृषि जलवायु कटिबन्ध योजना के लिए भूमि उपयोग मानचित्र उपग्रह इमेजरी का प्रयोग करते हुए National Romotc Sensing Agency, Hyderabad ने 1: 250‚000 मापनी पर भूमि उपयोग वर्गीकरण का मानचित्र बनाया है। 300
45. निम्नलिखित में कौन सा केन्द्रारेखीय माप है?
(a) मानक दूरी (b) माध्यिका
(c) समांतर माध्य (d) ज्यामितीय माध्य
उत्तर-(b) : ‘माध्यिका’ केन्द्रारेखीय माप है। किसी समंक श्रेणी के मूल्यों को आरोही अथवा अवरोही क्रम में व्यवस्थित करने के पश्चात् जो मूल्य श्रेणी के मध्य में स्थित होता है उसे श्रेणी का ‘माध्यिका मूल्य’ कहते है।
46. सूची I का सूची II से मिलान कीजिए और नीचे दिए संकेतों से सही उत्तर का चयन कीजिए। सूची I सूची II
(a) गणितीय परम्परा (i) फीनीशियन
(b) अन्वेषण (ii) थेल्स
(c) आगमनात्मक प्रणाली (iii) हॉमर
(d) साहित्यिक परम्परा (iv) अरस्तु संकेत:
(a) (b) (c) (d)
(A) (iii) (i) (ii) (iv)
(B) (i) (ii) (iii) (iv)
(C) (iv) (iii) (ii) (i)
(D) (ii) (i) (iv) (iii)
उत्तर-(d) :
सूची I सूची II
गणितीय परम्परा थेल्स अन्वेषण फीनीशियन आगमनात्मक प्रणाली अरस्तु साहित्यिक परम्परा हॉमर निम्नलिखित गद्यांश को पढ़िए तथा उस पर आधारित प्रश्नों के उत्तर दीजिए। हरित क्रान्ति का एक खतरा यह है कि इसमें मूल स्थानीय बीजों को वर्जित करके उनकी जगह उच्च उत्पादन हेतु विकसित उन्नत बीजों का उपयोग आवश्यक है। यदि नये उन्नत बीजों पर किसी पादक रोग का आक्रमण हो गया तो राष्ट्र की सम्पूर्ण फसल एक ही मौसम में नष्ट हो सकती है। शस्य अभिजनन सम्बन्धी वर्तमान शोधों में स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप अलग-अलग किस्मों के विकास पर बल दिया जा रहा है। ये किस्में संक्रामक रोगों से कम प्रभावित होती हैं और फिर भी कम उर्वरकों के उपयोग के साथ अधिक उत्पादन दे सकती हैं। दूसरा खतरा‚ अधिक दक्षता के उद्देश्य से मशीनी कृषि करने हेतु छोटे खेतों की चकबंदी करके खेतों के आकार में वृद्धि करने में है। ऐसा करने में कई प्रकार की फसलों का उत्पादन बंद हो जाता है और जीवन यापन हेतु एक फसल पर निर्भरता हो जाती है। पारम्परिक कृषि पद्धतियों में एशिया का कृषक कई खाद्य फसलों को पैदा करता था ताकि यदि एक फसल नष्ट हो जाये तो भुखमरी की स्थिति से बचने के लिये दूसरी फसलों से पर्याप्त खाद्य पदार्थ मिल जाए। अत:‚ छोटा किसान अधिक दक्ष एक फसली कृषि अपनाने का इच्छुक नहीं है। अब यह स्पष्ट लगता है कि उत्पादन में भावी वृद्धि‚ औद्योगिक मध्य अशांशीय तकनीक पर निर्भरता कम करने के लिये हरित क्रान्ति की तकनीकों को संशोधित करके ही प्राप्त की जा सकती है। नये बीजों और कृषि पद्धतियों तथा उर्वरकों का उपयोग इन सभी को प्राचीन कृषि प्रणालियों और स्थानीय सांस्कृतिक प्रतिरूपों के साथ ज्यादा अनुकूल होना होगा। मृदा वैज्ञानिकों ने इंगित किया है कि वर्टिसॉल मिट्टी के बृहत क्षेत्रों को कृषि के अंतर्गत लाना है। वर्टिसॉल मिट्टियाँ पोषक तत्वों में समृद्ध हैं‚ परन्तु उनमें जुताई की कठिनाई को दूर करने के लिये मशीनी कृषि की आवश्यकता होगी। प्राचीन हल एवं कुढाली से इन मिट्टियों में कृषि नहीं की जा सकती। दक्षिण-पूर्वी एशिया में सवाना पर्यावरण वाली अधिकांश कृषि भूमि वर्तमान मानकों के आधार पर पहले ही विकसित की जा चुकी है। अनुर्वर ऑक्सीसॉल मिट्टियों और उष्णकटिबंधीय मरुस्थलों की सीमा पर स्थित अर्द्ध-मरुस्थलीय कटिबंधों में कृषि के किसी बड़े विस्तार की आशा करना अवास्तविक है।
47. ऊपर दिये गये लेखांश की केन्द्रीय विषयवस्तु क्या है?
(a) पारम्परिक कृषि पर बल की आवश्यकता
(b) औद्योगिक मध्य अक्षांशीय प्रौद्योगिकी पर बल की आवश्यकता
(c) हरित क्रान्ति की तकनीकों में सुधार की आवश्यकता
(d) अनुपजाऊ भूमियों के विकास की आवश्यकता
उत्तर-(c) : ‘हरित क्रांति की तकनीकों में सुधार की आवश्यकता’ उपर्युक्त लेखांश का केन्द्रीय विषयवस्तु है।
48. हरित क्रान्ति का एक खतरा है:
(a) एक फसली कृषि (b) बहुफसली कृषि
(c) मशीनों का प्रयोग (d) खेतों का छोटा आकार
उत्तर-(a) : ‘एक फसली कृषि’ हरित क्रांति से सम्बन्धित प्रमुख खतरा है। ध्यातव्य है कि हरित क्रांति में मूल स्थानीय बीजों की अपेक्षा उच्च तकनीक बीजों के प्रयोग पर बल दिया था।
49. वर्तमान शोध अभिमुख है:
(a) नये उर्वरकों और कीट नाशियों के विकास की ओर
(b) स्थानीय दशाओं के लिये उपयुक्त बीजों का विकास
(c) आक्सीसॉल वाले क्षेत्रों के विकास की ओर
(d) नयी मशीनों के विकास की ओर
उत्तर-(b) : स्थानीय दशाओं के लिए उपयुक्त बीजों का विकास करना वर्तमान शोघ का प्रमुख विषय है।
50. पारम्परिक एशियाई कृषि बल देती है:
(a) मशीनी कृषि पर
(b) बड़ी मात्रा में उर्वरकों के उपयोग पर
(c) एक फसली कृषि पर
(d) बहुफसली कृषि पर
उत्तर-(d) : पारम्परिक एशियाई कृषि बहुफसली कृषि पर बल दती है। ऐसा इसलिए किया जाता है कि यदि एक फसल नष्ट हो जाए तो दूसरी फसल से खाने हेतु खाद्य-सामग्री मिल जाय।

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