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GEOGRAPHY UGC NTA NET JRF PREVIOUS PAPERS IN HINDIयूजीसी नेट/जेआरएफ परीक्षा‚ जून- 2010 भूगोल व्याख्या सहित द्वितीय प्रश्न-पत्र का हल 0028.

GEOGRAPHY UGC NTA NET JRF PREVIOUS PAPERS IN HINDIयूजीसी नेट/जेआरएफ परीक्षा‚ जून- 2010 भूगोल व्याख्या सहित द्वितीय प्रश्न-पत्र का हल

1. ‘‘वर्तमान भूत की कुँजी है’’- यह कथन किसका है?
(a) जी. के. गिर्ल्बट (b) जेम्स हटन
(c) डब्ल्यू. एच. डेविस (d) वॉल्टर पेंक
उत्तर-(b) : ‘‘वर्तमान भूत की कुंजी है? यह कथन जेम्स हटन का है। जेम्स हटन ने 1785 में ‘एकरुपतावाद के सिद्धान्त’ का प्रतिपादन किया। इसके अनुसार वर्तमान समय में जो भूगार्भिक प्रक्रम तथा नियम कार्यरत है‚ वे ही समस्त भूगर्भिक इतिहास में कार्यरत थे परन्तु उनकी सक्रियता में अन्तर था।
2. रासायनिक अपक्षय की कौन सी प्रक्रिया लोहे पर जंग लगने का कारण है?
(a) कार्बोनेटीकरण (b) ऑक्सीकरण
(c) जलयोजन (d) सिलिका पृथक्करण
उत्तर-(b) : रासायनिक अपक्षय की आक्सीकरण प्रक्रिया लोहे पर जंग लगने का कारण है। वायु की आक्सीजन का संयोग जब जल से होता है‚ तो जल में मिली आक्सीजन की क्रिया चट्टानों के खनिजों पर होती है। इस कारण खनिजों में आक्साइड बन जाते है‚ जिससे चट्टानों में वियोजन होने लगता है‚ आक्सीजन की इस क्रिया को आक्सीकरण कहते है।
3. सागर तल फैलाव सिद्धान्त का प्रतिपादन किसके द्वारा किया गया?
(a) हेरी हेस (b) टुजो विल्सन
(c) ए. होब्स (d) डी. एल. होम्स
उत्तर-(a) : सागर नितल फैलाव सिद्धान्त का प्रतिपादन सर्वप्रथम 1960 में हैरी हेस ने किया था। इस सिद्धान्त के अनुसार महासागरीय कटकों के सहारे नये पदार्थ सतत रूप से निर्मित होते जाते है तथा कटक के दोनों ओर सिफ्ट होते रहते है। इस प्रकार इस संकल्पना के अनुसार सागर नितल में निरन्तर प्रसार होते रहते है तथा महासागरीय ट्रेंच के सहारे सतत रूप में प्लेट का विनाश होता रहता है।
4. सूची-I को सूची-II से सुमेलित कर नीचे दिये कूटों का उपयोग कर सही उत्तर चुनें:
सूची-I सूची-II
(सिद्धान्त) (वैज्ञानिक)
(a) सागर तल फैलाव (i) वेगनर सिद्धान्त
(b) महाद्वीपीय विस्थापन (ii) हैरी हेस सिद्धान्त
(c) इलेस्टिक रिबाउण्ड (iii) जोली सिद्धान्त
(d) रेडियोधर्मी सिद्धान्त (iv) रीड
कूट:
(a) (b) (c) (d)
(A) (ii) (i) (iv) (iii)
(B) (iii) (iv) (ii) (i)
(C) (i) (ii) (iii) (iv)
(D) (iv) (iii) (ii) (i)
उत्तर-(a) :
सिद्धान्त वैज्ञानिक
सागर तल फैलाव सिद्धान्त – हैरी हेस महाद्वीपीय विस्थापन सिद्धान्त – वेगनर इलेस्टिक रिबाउण्ड सिद्धान्त – रीड रेडियोधर्मी सिद्धान्त – जोली
5. लाल सागर इनमें से किसका एक उदाहरण है?
(a) अभिनति घाटी (b) ज्वालामुखीय संरचना
(c) भ्रंश घाटी (d) अपरदित घाटी
उत्तर-(c) : लाल सागर भ्रंश घाटी (रिफ्ट घाटी) का एक उदाहरण है। किसी स्थान पर जब सामान्य भ्रंश कई किलोमीटर की लम्बाई में इस तरह पड़ते है कि उनके बीच का भाग नीचे धँस जाता है और एक बेसिन या घाटी का निर्माण हो जाता है तो इसे भ्रंश घाटी या ग्राबेन कहते है। संसार की सबसे लम्बी भ्रंश घाटी जार्डन नदी की घाटी‚ लाल सागर के बेसिन में होती हुई जेम्बजी नदी तक 4800 किमी. की लम्बाई में विस्तृत है।
6. निम्न में से कौन सा कारक प्रचलित पवन पेटियों के लिए उत्तरदायी है?
(a) पृथ्वी के अक्ष का झुकाव।
(b) पृथ्वी का परिभ्रमण।
(c) उच्च एवं निम्न दाब पेटियाँ।
(d) स्थल एवं जल का विभेदीय दर से गर्म होना।
उत्तर-(c) : उच्च एवं निम्न दाब पेटियों प्रचलित पवन पेटियों के लिए उत्तरदायी है। पृथ्वी के विस्तृत क्षेत्र पर एक दिशा में वर्ष भर चलने वाली प्रचलित पवनें उच्च वायुदाब पेटी से निम्न वायुदाब पेटी की ओर नियमित रूप से चलती है। 262
7. नीचे दो कथन दिये गये हैं‚ एक को अभिकथन (A) और दूसरे को कारण (R) कहा गया है। नीचे दिये गये संकेतों से अपने उत्तर का चयन कीजिए:
अभिकथन (A) :
प्राचीन पर्वतमालाओं के अवशेष कठोर पिण्डों के कुछ भागों में स्थित हैं।
कारण (R) : कठोर पिण्ड क्षेत्रों में प्राचीन पर्वतमालाएँ मुलायम अवसादी चट्टानों से निर्मित होती है।
(a) (A) सही है‚ परन्तु (R) गलत है।
(b) (A) और (R) दोनों सही हैं।
(c) (A) गलत है‚ परन्तु (R) सही है।
(d) (A) और (R) दोनों गलत हैं।
उत्तर-(b) : कथन एवं कारण दोनों सही हैं। विश्व के अधिकांश पर्वतमालाएँ वलित प्रक्रिया द्वारा निर्मित है। वलित पर्वतों का निर्माण अवसादी चट्टानों से होता है। यह माना जाता है कि भूसन्नतियों में जमा अवसादों के दो प्लेटों के आपस में करीब आने के कारण दब कर सिकुड़ने और सिलवटों के रूप में उठने से इस प्रकार के पर्वतों का निर्माण होता है।
8. निम्नलिखित विशिष्टताओं का सागर तट से सागर की ओर सही अनुक्रम क्या है?
(a) बर्म-निम्न ज्वार सोपान-वेलांचली गर्त-वेलांचली रोधिका
(b) वेलांचली गर्त- वेलांचली रोधिका- बर्म-निम्न ज्वार सोपान
(c) निम्न ज्वार सोपान-बर्म-वेलांचली रोधिका-वेलांचली गर्त
(d) वेलांचली रोधिका-निम्न ज्वार सोपान-बर्म-वेलांचली गर्त
उत्तर-(a) : प्रश्नगत दी गयी विशिष्टताओं का सागर तट से सागर की ओर सही अनुक्रम इस प्रकार है- बर्म-निम्न ज्वार सोपान-
वेलांचली गति-वेलांचली रोधिका।
9. नीचे दो कथन दिये गये हैं‚ एक को अभिकथन (A) और दूसरे को कारण (R) कहा गया है। नीचे दिये गये संकेतों से अपने उत्तर का चयन कीजिए:
अभिकथन (A) :
जब पुलिन (beach) के खण्ड विशेष पर बालू अधिक तीव्रता से आती है‚ तब यह बहा ले जाई जाती है और पुलिन चौड़ा तथा सागर की ओर विकसित होता है।
कारण (R) : तटीय पर्यावरण में पुर:क्रमण प्रक्रिया सर्वत्र समान होती है।
(a) (A) सही है‚ परन्तु (R) गलत है।
(b) (A) गलत है‚ परन्तु (R) सही है।
(c) (A) तथा (R) दोनों सही हैं।
(d) (A) तथा (R) दोनों गलत है।
उत्तर-(c) : पुलिन एक प्रमुख सागरीय जलकृत निक्षेपात्मक स्थलरूप है। इसकी आकृति अर्द्धचन्द्राकार होती है। सागरीय लहरों के आने के साथ बालू भी सागरीय तट पर आकर जमा होती जाती है जिससे धीरे-धीरे पुलिन क्षेत्र चौड़ा या विकसित होता जाता है। इस क्षेत्र में पर्यावरणीय प्रक्रिया सर्वत्र समान होती है। अत: कथन और कारण दोनों सही हैं।
10. ‘पॉली क्लाइमेक्स’ की संकल्पना को किसने प्रतिपादित किया?
(a) क्लेमेन्ट (b) टांसले
(c) व्हीटाकर (d) हेकल
उत्तर-(b) : पॉली क्लाइमेक्स की संकल्पना को 1935 में टांसले ने प्रतिपादित किया। ए. जी. टांसले ने 1935 में पारिस्थितिक तन्त्र शब्द का प्रयोग किया। टांसले के अनुसार पारिस्थितिक तन्त्र पर्यावरण के सभी जैव तथा अजैव कारकों के एकत्रीकरण का परिणाम है।
11. ‘एजेंडा-21’ को निम्नलिखित में से किस सम्मेलन में अंगीकार किया गया?
(a) स्टॉकहॉम सम्मेलन (b) रिओ भू-शिखर वार्ता
(c) रोटरडेम सम्मेलन (d) रामसर सम्मेलन
उत्तर-(b) : स्टाकहोम सम्मेलन की 20वीं वर्षगाँठ मनाने के लिए संयुक्त राष्ट्र संघ ने ब्राजील की राजधानी रियो-डी-जेनेरो में 1992 में पर्यावरण और विकास सम्मेलन आयोजित किया इसे अर्थ समिट कहा जाता है। इसमें सम्मिलित देशों ने टिकाऊ विकास के लिए व्यापक कार्यवाही योजना जिसे एजेण्डा 21 कहा जाता है‚ स्वीकृत की।
12. नील नदी के डेल्टा से लेकर कोंगो बेसिन तक कोपेन के जलवायु प्रकार का सही अनुक्रम है:
(a) BWh-BSh- Aw-Af (b) Aw-Af-BSh-BWh
(c) BWh-Aw-BWh-Af (d) Af-Aw-BSh-BWh
उत्तर-(a) : नील नदी के डेल्टा से लेकर कोंगो बेसिन तक कोपेन के जलवायु प्रकार का सही अनुक्रम इस प्रकार है-
BWh- उष्ण कटिबन्धीय मरुस्थलीय जलवायु‚ यहाँ औसत वार्षिक तापमान 180 से. ग्रे. से अधिक रहता है। BSh- उष्ण कटिबन्धीय स्टेपी जलवायु‚ यहाँ का औसत वार्षिक तापमान 180 से. ग्रे. से अधिक रहता है। Aw- उष्ण कटिबन्धीय आर्द्र तथा शुष्क जलवायु इसे उष्ण कटिबन्धीय सवाना के नाम से भी जाना जाता है। इस भाग में शीत ऋतु शुष्क होती है और कम से कम वर्ष के एक माह में 6 सेमी.
से कम वर्षा होती है। वर्ष भर तापमान ऊँचा रहता है। Af- उष्ण कटिबन्धीय प्रचुर वर्षा जलवायु‚ यहाँ वर्षा भर होती है। वार्षिक तापान्तर बिल्कुल नही मिलता है और दैनिक तापान्तर भी बहुत कम होता है। यहाँ शुष्कता का अभाव पाया जाता है। शुष्कतम माह में न्यूनतम वर्षा लगभग 6 सेमी. होती है। वर्षा का मौसमी वितरण समान होता है।
13. नीचे दो कथन दिये गये हैं‚ एक को अभिकथन (A) और दूसरे को कारण (R) कहा गया है। नीचे दिये गये संकेतों से अपने उत्तर का चयन कीजिए:
अभिकथन (A) :
क्षोभ मण्डल तथा समताप मण्डल के मध्य वायु का सम्मिश्रण कम पाया जाता है।
कारण (R) : समताप मण्डल बहुल मात्रा में जल वाष्प और धूल कण युक्त होता है। 263
(a) (A) और (R) दोनों सही हैं तथा (R), (A) की सही व्याख्या है।
(b) (A) और (R) दोनों सही है‚ परन्तु (R), (A) की सही व्याख्या नही है।
(c) (A) सही है‚ परन्तु (R) गलत है।
(d) (A) गलत है‚ परन्तु (R) सही है।
उत्तर-(c) : क्षोभमण्डल (0-16 किमी.) तथा समतापमण्डल (16-
50 किमी.) के मध्य वायु का सम्मिश्रण कम पाया जाता है। क्षोभमण्डल के अन्तर्गत आदि गैसों‚ जलवाष्प तथा धूल कणों का अधिकतम ताप होता है। इस ताप के गर्म और शीतल होने का कार्य विकिरण संचालन तथा संवहन द्वारा होता है। समताप मण्डल बहुत मात्रा में जल वाष्प और धूल कण युक्त नहीं है‚ बल्कि यहाँ तापमान की स्थिरता पायी जाती है।
14. ‘‘भूगोल का विशेष प्रयोजन बहुविधता में एकता की तुलना करना है।’’ यह कथन है:
(a) कार्ल रीटर (b) रेटजेल
(c) हार्टशॉर्न (d) हम्बोल्ट
उत्तर-(a) : ‘‘भूगोल का विशेष प्रयोजन बहुविधता में एकता की तुलना करना है’’ यह कथन कार्ल रीटर का है। कार्ल रीटर को आधुनिक भौगोलिक विचारों का संस्थापक माना जाता है। रीटर द्वारा विकसित अनेकता में एकता का आधारभूत सिद्धान्त है उसके अनुसार आवास‚ जिसमे मानव सांस्कृतिक पर्यावरण का निर्माण करता है के‚ जैविक और अजैविक घटकों में मूलभूत एकरूपता पायी जाती है।
15. निम्नलिखित में से किस क्षेत्र के पर्यवेक्षण ने डेविस को उसकी ‘अपरदन चक्र’ संकल्पना को विकसित करने के लिए अभिप्रेरित किया?
(a) मिसोरी (b) ग्रीनोको
(c) मोन्टाना (d) रेड रीवर
उत्तर-(c) : मोन्टाना क्षेत्र के पर्यवेक्षक ने डेविस को उसकी अपरदन चक्र संकल्पना को विकसित करने के लिए अभिप्रेरित किया। डेविस ने अपनी संकल्पना के अन्तर्गत बताया कि ‘‘भौगोलिक चक्र समय की वह अवधि है जिसके अन्तर्गत एक उत्थित भूखण्ड अपरदन के प्रक्रम द्वारा प्रभावित होकर एक आकृतिविहीन समतल मैदान में बदल जाता है।’’ इसी आधार पर डेविस ने यह प्रतिपादित किया कि ‘‘ स्थलरूप‚ संरचना प्रक्रम तथा समय का प्रतिफल होता है।
16. कान्ट की दृष्टि में भूगोल
(a) एक स्थानिक विज्ञान है
(b) एक कोरोलॉजिकल विज्ञान है।
(c) एक प्रादेशिक विज्ञान है।
(d) एक क्रमबद्ध विज्ञान है।
उत्तर-(b) : काण्ट की दृष्टि से भूगोल एक कोरोलॉजिकल विज्ञान है। इमैनुअल काण्ट (1724-1804) ने वैज्ञानिक भूगोल को दार्शनिक आधार प्रदान किया। इन्होंने 1781 ई. में ‘क्रिटीक आफ प्योर रीजन’ नामक पुस्तक प्रकाशित की। काण्ट ने भूगोल को 6 खण्डों में विभाजित किया- प्राकृतिक भूगोल‚ गणितीय भूगोल‚ नैतिक भूगोल‚ राजनीतिक भूगोल‚ व्यापारिक भूगोल तथा धार्मिक भूगोल। काण्ट को आराम चेयर भूगोलवेत्ता माना जाता है।
17. सूची-I को सूची-II से सुमेलित कर‚ नीचे दिए गये
कूटों का उपयोग कर सही उत्तर चुनें:
सूची-I सूची-II
(a) मार्क जेफरसन (i) नगरीय भूगोल
(b) रॉबर्ट डिकिन्सन (ii) अधिवास भूगोल
(c) ऑर्थर रोबिन्सन (iii) भौतिक भूगोल
(d) अलेक्जेण्डर (iv) मानचित्र कला वॉन हुम्बोल्ट
कूट:
(a) (b) (c) (d)
(a) (ii) (iv) (i) (iii)
(b) (iii) (i) (iv) (iii)
(c) (i) (iii) (iv) (ii)
(d) (iii) (i) (ii) (iv)
उत्तर-(b) : सूची-I सूची-II मार्क जेफरसन अधिवास भूगोल राबर्ट डिकिन्सन नगरीय भूगोल आर्थर रोबिन्सन मानचित्र कला अलेक्जेंडर वॉन हुम्बोल्ट भौतिक भूगोल
18. सूची-I को सूची-II से सुमेलित कर नीचे दिए गये कूटों का उपयोग कर सही उत्तर दीजिए:
सूची-I सूची-II
(a) स्ट्रेबो (i) क्रिश्चियन टोपोग्राफी
(b) फिरेमेनस (ii) हिस्टोरिकल मेमोयर
(c) सोलिनस (iii) ला टेरे
(d) एलिसी रीक्लस (iv) रेरम मेमोरेबिलम
कूट:
(a) (b) (c) (d)
(a) (ii) (iii) (i) (iv)
(b) (ii) (i) (iv) (iii)
(c) (iv) (ii) (iii) (i)
(d) (ii) (i) (iii) (iv)
उत्तर-(b) : सूची-I सूची-II स्ट्रेबो हिस्टोरिकल मेमोयर फिरेमेनस क्रिश्चियन टोपोग्राफी सोलिनस रेरम मेमोरेबिलम एलिसी रीकल्स ला टेरे 264
19. नगर-आकार वितरण सुस्पष्ट किया गया है
(a) नगरीय पदानुक्रम
(b) केन्द्रीय स्थान सिद्धान्त
(c) श्रेणी-आकार नियम
(d) लॉश का षट्कोणीय प्रतिरूप
उत्तर-(c) : नगर-आकार वितरण केन्द्रीय स्थान सिद्धान्त में सुस्पष्ट किया जाता है। केन्द्रीय स्थल सिद्धान्त वाल्टर क्रिस्टालर ने 1933 में प्रतिपादित किया था। केन्द्र स्थल वह स्थान है जहाँ जनसंख्या का समूहन होता है तथा यहाँ पर दुकानों एवं व्यापार एवं सेवाओं का संग्रह होता है। केन्द्र स्थल का मूल कार्य अपने चारों ओर क्षेत्र को वस्तुएँ एवं सेवाएँ प्रदान करना।
20. यू. एन. पूर्वानुमानों के अनुसार निम्न में से कौन सा प्रदेश वर्ष 2030 तक वैश्विक नगरीय जनसंख्या में सर्वाधिक योगदान देगा?
(a) दक्षिणी एशिया (b) पूर्वी एशिया
(c) दक्षिण-पूर्वी एशिया (d) लैटिन अमरीका
उत्तर-(a) : यू0 एन0 रिपोर्ट के आँकड़ों के अनुसार 2030 तक विश्व नगरीय जनसंख्या में सर्वाधिक योगदान दक्षिण एशियाई देशों का होगा।
21. नीचे दो कथन दिये गये हैं‚ एक को अभिकथन (A) और दूसरे को कारण (R) कहा गया है। नीचे दिये गये संकेतों से अपने उत्तर का चयन कीजिए:
अभिकथन (A) :
सामाजिक भू-दृश्य एक प्रदेश है‚ जिसमें एक अथवा अनेक समूह निवास करते है तथा अपने निकटस्थ पर्यावरण से सम्बद्ध सामान्य विचारों के सम्मिलित रूप से सहभागी होते हैं।
कारण (R) : यह प्रदेश होता है‚ जहाँ मानव आवश्यकताएँ‚ पहचान‚ सुरक्षा और उद्दीपन परितृप्त किए जाते हैं।
(a) (A) और (R) दोनों सही हैं तथा (R), (A) की सही व्याख्या है।
(b) (A) और (R) दोनों सही है‚ परन्तु (R), (A) की सही व्याख्या नही है।
(c) (A) सही है‚ परन्तु (R) गलत है।
(d) (A) गलत है‚ परन्तु (R) सही है।
उत्तर-(d) : सामाजिक भूदृश्य ऐसा क्षेत्र है जिसमें विविध सांस्कृतिक परिवेश के लोग निवास करते हैं‚ एवं अपने समीपस्थ सामाजिक एवं पर्यावरणीय संघटकों से सह-सम्बन्ध बनाये रखते हैं। इस तरह कथन और कारण दोनों सत्य है।
22. नीचे दो कथन दिये गये हैं‚ एक को अभिकथन (A) और दूसरे को कारण (R) कहा गया है। नीचे दिये गये संकेतों से अपने उत्तर का चयन कीजिए:
अभिकथन (A) :
असीमित आकार के अनुकूलतम पर्यावरण में तर्कगणितीय जनसंख्या वृद्धि स्वीकारी जाती है।
कारण (R) : वृद्धि चरघातांकी वक्र का अनुसरण करती है।
(a) (A) और (R) दोनों सही हैं तथा (R), (A) की सही व्याख्या है।
(b) (A) और (R) दोनों सही है‚ परन्तु (R), (A) की सही व्याख्या नही है।
(c) (A) सही है‚ परन्तु (R) गलत है।
(d) (A) गलत है‚ परन्तु (R) सही है।
उत्तर-(c) : कथन सत्य एवं कारण असत्य है। अत: उत्तर (c) होगा।
23. कार्ल सॉवर निम्नलिखित में से किससे संबंधित अपनी कालजयी कृति के लिए सुविख्यात हैं?
(a) सांस्कृतिक भू-दृश्य (b) आर्थिक भू-दृश्य
(c) सामाजिक भू-दृश्य (d) भौतिक भू-दृश्य
उत्तर-(a) : कार्ल सावर ‘सांस्कृतिक भू-दृश्य’ से सम्बन्धित अपनी कालजायी कृति के लिए सुविख्यात है। कार्ल की अन्य महत्वपूर्ण कृतियाँ हैं। जैव जगत का मानवीय उपयोग भूदृश्य की आकारिकी स्थल एवं जीवन ओजार्क उच्च भूमि कृषि‚ इसके उद्गम एवं प्रसार
24. मध्यम क्षारीय मिट्टियों का pH मूल्य विचरित होता है
(a) 4.5 से 5.0 के मध्य (b) 5.0 से 5.5 के मध्य
(c) 5.8 से 6.4 के मध्य (d) 7.8 से 8.4 के मध्य
उत्तर-(d) : मध्यम क्षारीय मिट्टियों का pH मूल्य 7.8 से 8.4 के मध्य विचरित होता है। मृदा की अम्लीयता अथवा क्षारीयता को इसके pH मान द्वारा मापा जाता है। pH मान का विस्तार 0 से 14 तक होता है। pH का मान 0 होने पर मृदा अत्यन्त अम्लीय होती है और जब यह मान 14 होता है तो मृदा अत्यन्त क्षारीय होती है। क्षेत्रीय अध्ययन में pH का मान 3.5 तथा 10.0 के बीच रहता है।
25. निम्नलिखित में से कौन सी कृषि प्रणाली ‘‘औद्योगिक क्रान्ति का शिशु’’ के रूप में वर्णित की जाती है?
(a) सघन जीवन निर्वाहक जुताई
(b) पशुपालन फार्म
(c) जीवन निर्वाहक जुताई
(d) सामूहिक खेती
उत्तर-(d) 265 व्याख्या : ‘सामूहिक खेती कृषि प्रणाली’ औद्योगिक क्रान्ति के शिशु के रूप में वर्णित की जाती है। सघन जीवन निर्वाहक खेती-कृषि की वह पद्धति है जिसमें प्रधानतः खाद्य फसलों का उत्पादन स्थानीय उपभोग के लिए होता है। इसमें चावल प्रमुख फसल होती है। मानसूनी प्रदेशों में ऐसी कृषि होती है।
26. सूची-I को सूची-II से सुमेलित कर नीचे दिए गये कूटों का उपयोग कर सही उत्तर दीजिए:
सूची-I सूची-II
(विद्वान) (प्रतिरूप)
(a) वॉन थ्यूनेन (i) आगत-निर्गत प्रतिरूप
(b) जूलियन वॉलपार्ट (ii) विसरण प्रतिरूप
(c) डब्ल्यू. डब्ल्यू. (iii) भूमि उपयोग के संकेन्द्री लिओनटिफ वलय
(d) टोरेस्टेन हैगरस्ट्रैण्ड (iv) निर्णयन कार्य प्रतिरूप
कूट:
(a) (b) (c) (d)
(A) (i) (iii) (ii) (iv)
(B) (iv) (ii) (i) (iii)
(C) (iii) (i) (ii) (iv)
(D) (iii) (iv) (i) (ii)
उत्तर-(d) : सूची का सुमेलन इस प्रकार है− विद्वान प्रतिरूप वॉन थ्यूनेन – भूमि उपयोग के संकेन्द्री वलय जूलियन वॉलपार्ट – निर्णयन कार्य प्रतिरूप डब्ल्यू. डब्ल्यू. लिओनोटिफ – आगत-निर्गत प्रतिरूप टोरेस्टेन हैगरस्ट्रैण्ड – विसरण प्रतिरूप
27. इनमें से कौन सा एक स्वतंत्र उद्योग है?
(a) लौह-इस्पात उद्योग (b) मोटर गाड़ी उ़द्योग
(c) सीमेन्ट उद्योग (d) सूती वध्Eा उद्योग
उत्तर-(b) : मोटर गाड़ी उद्योग स्वतन्त्र उद्योग है। लौह इस्पात उद्योग सीमेन्ट उद्योग तथा सूती वध्Eा उद्योग को कच्चे माल के उत्पादक क्षेत्रों के समीप ही स्थापित किया जाता है जबकि मोटर गाड़ी उद्योग का कच्चे माल के उत्पादक क्षेत्रों के समीप स्थापित होने की अनिवार्यता नहीं होती है।
28. टाफे द्वारा दिया गया परिवहन मार्ग विकास प्रतिरूप उनके किस अध्ययन पर आधारित है?
(a) इथिओपिया और मिदा (b) सूडान और नाइजीरिया
(c) कीनिया और नाइजीरिया (d) घाना और नाइजीरिया
उत्तर-(b) : टाफे द्वारा दिया गया परिवहन मार्ग विकास प्रतिरूप उनके सूडान और नाइजीरिया के अध्ययन पर आधारित है।
29. निम्नलिखित में से किस बंदरगाह के पास लौह अयस्क के निर्यात हेतु एक बाह्य पोताश्रय है?
(a) कोलकाता (b) मुम्बई
(c) विशाखापत्तनम (d) कोचीन
उत्तर-(c) : विशाखापट्टनम बन्दरगाह के पास लौह अयस्क के निर्यात हेतु एक वाह्य पोताश्रय है। यह बन्दरगाह आन्ध्रप्रदेश राज्य में कोलकाता एवं चेन्नई के मध्यवर्ती भाग में स्थित प्राकृतिक एवं सर्वाधिक गहरा बन्दरगाह है। यह एक भू आबद्ध पत्तन है। यहाँ से मैगनीज‚ लौह अयस्क‚ गर्म मसाले आदि निर्यात किये जाते है। आयात की जाने वाली वस्तुओं में खाद्यान्न‚ तेल‚ उर्वरक‚ कोयला विलासिता की वस्तुएँ तथा अन्य औद्योगिक उत्पाद प्रमुख है।
30. सूची-I में दर्शाए गये जनजातीय समूहों का सूची-II के साथ सम्बन्ध सुमेलित करते हुए नीचे दिए गये कूटों का उपयोग कर सही उत्तर दीजिए:
सूची-I सूची-II
(a) मसाई (i) अफ्रीकी घास के मैदान
(b) भील (ii) उत्तर-पूर्वी भारत
(c) बुशमैन (iii) कालाहारी
(d) कुकी (iv) राजस्थान
कूट:
(a) (b) (c) (d)
(A) (ii) (i) (iii) (iv)
(B) (i) (ii) (iii) (iv)
(C) (iii) (i) (ii) (iv)
(D) (i) (iv) (iii) (ii)
उत्तर-(d) : सूची-I सूची-II मसाई अफ्रीकी घास के मैदान भील राजस्थान बुशमैन कालाहारी कुकी उत्तरी-पूर्वी भारत
31. निम्न में से कौन सा भाषा-समूह अवरोही क्रम में बोला जाता है?
(a) अंग्रेजी‚ चीनी‚ फ्रांसिसी‚ रूसी
(b) चीनी‚ फ्रांसिसी‚ अंग्रेजी‚ रूसी
(c) रूसी‚ अंग्रेजी‚ फ्रांसिसी‚ चीनी
(d) चीनी‚ अंग्रेजी‚ फ्रांसिसी‚ रूसी
उत्तर-(d) : अवरोही क्रम में बोला जाने वाला भाषा समूह चीनी अंग्रेजी‚ फ्रांसीसी‚ रूसी है -चीन की सबसे प्रमुख भाषा मन्दारिन है। जिसे चीन के लगभग 75% लोग बोलते है। बोलने वाले व्यक्तियों की संख्या की दृष्टि से यह विश्व की वृहत्तम भाषा परिवार के अन्तर्गत आती है। 266
32. सम्बंध के आधार पर निर्धारित प्रदेशों को कहा जाता है
(a) प्राकृतिक प्रदेश (b) नोडल प्रदेश
(c) नियोजन प्रदेश (d) विकासशील प्रदेश
उत्तर-(b) : सम्बन्ध के आधार पर निर्धारित प्रदेशों को नोडल प्रदेश कहा जाता है। नियोजन प्रदेश एक विशिष्ट क्षेत्रीय इकाई है जिसके सामाजिक आर्थिक विकास के लिए कोई सुनिश्चित योजना होती है। एक श्रेष्ठ नियोजन प्रदेश में सामान्यत: प्राकृतिक दशाओं‚ आर्थिक संसाधनों‚ सामाजिक एवं आर्थिक दशाओें तथा राजनीतिक कारकों की समांगता पायी जाती है।
33. पर्यावरण को क्षति पहुँचाए बिना मानव कल्याण को समुन्नत करना कहलाता है
(a) प्रादेशिक विकास (b) प्रादेशिक नियोजन
(c) संपोषक विकास (d) संसाधन विश्लेषण
उत्तर-(c) : पर्यावरण को क्षति पहुँचाये बिना मानव कल्याण को समुन्नत करना ‘संपोषक विकास’ कहलाता है। इसके अन्तर्गत संपोषणीय उत्पादन‚ परिवहन वस्तुओं एवं सेवाओं की पैकेजिंग‚ स्वच्छ प्रोद्योगिकी‚ अपशिष्ट पदार्थो का न्यूनीकरण‚ नव्यकरणीय संसाधनों के उपयोग आदि को प्रोत्साहित किया जाता है।
34. लौह-इस्पात उद्योग की स्थापना के लिए निम्न में से कौन सा आदर्श समायोजन होगा?
(a) कोयला-विद्युत-बाजार
(b) कोयला-लौह अयस्क-जल
(c) विद्युत-जल-लौह अयस्क
(d) कोयला-जल-कपास
उत्तर-(b) : लौह-इस्पात उद्योग की स्थापना के लिए कोयला-लौह अयस्क एवं जल आदर्श समायोजन होगा। लौह इस्पात उद्योग की स्थापना के लिए कोयला तथा लौह अयस्क आधारभूत कच्चे माल के रूप में प्रयोग किये जाते है तथा जल‚ जलविद्युत के लिए एक अनिवार्य तत्व है। इसके अलावा लौह इस्पात उद्योग के स्थानीकरण के लिए चूना भी आवश्यक कच्चा माल है।
35. निम्न में से भारत के किस राज्य में यूरेनियम आग्नेय तथा कायान्तरित चट्टानों में अंत:स्थापित है?
(a) तमिलनाडु (b) महाराष्ट्र
(c) राजस्थान (d) केरल
उत्तर-(c) : राजस्थान में यूरेनियम आग्नेय तथा कायान्तरित चट्टानों में अन्त:स्थापित है।
36. भारत का सर्वाधिक वृहदाकार भू-आकृतिक प्रदेश कौन सा है?
(a) वृहत् उत्तरी मैदान (b) वृहत् भारतीय पठार
(c) वृहत्तर हिमालय (d) सागरतटीय मैदान
उत्तर-(b) : भारत का सर्वाधिक वृहदाकार भूआकृतिक प्रदेश वृहत भारतीय पठार है। यह पठार तापी नदी के दक्षिण में त्रिभुजाकार रूप में फैला हुआ है। उत्तर पश्चिम में सतपुड़ा एवं विन्ध्याचल‚
उत्तर में महादेव तथा मकालू‚ पूर्व में पूर्वी घाट तथा पश्चिम में पश्चिमी घाट इसकी सीमाएँ बनाते है। इसकी औसत ऊचाई 600 मीटर है। दक्षिण में यह पठार 2000 मीटर ऊँचा है परन्तु उत्तर में इसकी ऊचाई केवल 500 मीटर है। लगभग 2 लाख वर्ग किलोमीटर क्षेत्रफल वाले इस विशाल पठार की ढाल पश्चिम से पूर्व की ओर है।
37. भारत में घटित निम्नलिखित में से कौन सा भूकम्प अत्यधिक उजाड़ने वाला और विनाशकारी था?
(a) 1905 का कांगड़ा का भूकम्प
(b) 1934 का बिहार का भूकम्प
(c) 2001 का गुजरात का भूकम्प
(d) 1967 का कोयना का भूकम्प
उत्तर-(c) : 26 जनवरी‚ 2001 को गुजरात के भुज में आये भूकम्प अत्यधिक उजाडने वाला एवं विनाशकारी था। इस भूकम्प में हजारों लोगों की मौत एवं लाखों लोग जख्मी हुए थे।
38. सूची-I को सूची-II से सुमेलित कर नीचे दिए गये कूटों का उपयोग कर सही उत्तर दीजिए :
सूची-I सूची-II
(जल प्रपात) (नदी)
(a) चूलिया (i) नर्मदा
(b) शिवसमुद्रम (ii) चम्बल
(c) भेड़ाघाट (iii) कावेरी
(d) हुन्ड्रु (iv) सुवर्णरेखा
कूट:
(a) (b) (c) (d)
(a) (ii) (iii) (i) (iv)
(b) (i) (ii) (iv) (iii)
(c) (ii) (iv) (i) (iii)
(d) (iv) (iii) (i) (ii)
उत्तर-(a) : जलप्रपात नदी चूलिया चम्बल शिवसमुद्रम कावेरी भेड़ाघाट नर्मदा हुन्ड्रू सुवर्णरेखा
39. भारत में आर्थिक सुधार ले जा रहे हैं
I. आर्थिक क्रिया-कलापों के संकेन्द्रण की ओर।
II. सम्पन्न एवं निर्धन जनों के मध्य बढ़ते अन्तराल की ओर।
III. महानगरीय क्षेत्रों की अपेक्षाकृत उच्च वृद्धि दर की ओर।
IV. नगरीय सुविधाओं एवं सेवाओं की न्यून लागत अभिगम्यता की ओर। 267
(a) I एवं II सही हैं। (b) I, II एवं III सही हैं।
(c) II एवं IV सही हैं। (d) I, III एवं IV सही हैं।
उत्तर-(d) : भारत में आर्थिक सुधार आर्थिक क्रिया-कलाप की संकेन्द्रण की ओर बढ़ रहा है। इसके साथ ही साथ महानगरीय क्षेत्रों की अपेक्षा उच्च वृद्धि दर एवं नगरीय सुविधाओं एवं सेवाओं की न्यून लागत अभिगम्यता की ओर बढ़ रहा है।
40. निकटस्थ पड़ोसी निर्देशांक के अनुसार पूर्णरूपेण प्रविकीर्ण अधिवास प्रारूप के लिए अधिक सूचक मूल्य क्या होगा?
(a) 0.00 (b) 1.55
(c) 2.15 (d) 2.88
उत्तर-(c) : निकटस्थ पड़ोसी निर्देशांक के अनुसार पूर्णरूपेण प्रविकीर्ण अधिवास प्रारूप के लिए अधिकतम सूचक मूल्य 2.15 होगा Rn तालिका 0.00 – 0.09 पूर्ण संकेन्द्रण .10 – .99 उच्च संकेन्द्रण .51 – .99 गुच्छेदार क्रम 1.00 – 1.19 दैव प्रतिरूप 1.20 – 1.49 उपागमीय प्रवृत्ति 1.50 – 2.14 परिक्षेपित क्रम 2.1491- 2.15 पूर्ण षटकोणीय
41. निम्न में से कौन भू-तुल्यकालिक उपग्रह है?
(a) लेण्डसेट (b) मीटिओसेट
(c) आई आर एस (d) किटसेट
उत्तर-(b) : मीटिओसेट मौसम सम्बन्धी जानकारी देने के लिए उपयोग किया जाने वाला एक भू-तुल्यकालिक उपग्रह है। लैण्डसेट- यह पृथ्वी संसाधन प्रोद्योगिकी सेटेलाइट है। यह संयुक्त राज्य अमेरिका के नासा विभाग द्वारा छोड़ा गया है। यह सैटेलाइट संसाधन प्रबन्धन हेतु बहुत उपयोगी ऑकड़े भेज रहा है। यह सैटेलाइट इस प्रकार बनाये गये है कि पृथ्वी धरातल के तथ्यों का मानचित्रण एवं अनुश्रवण अन्तरिक्ष से ही कर सकते है।
42. सूची-I को सूची-II से सुमेलित कर नीचे दिए गये कूटों का उपयोग कर सही उत्तर दीजिए :
सूची-I सूची-II
(विशेषता) (मानचित्र प्रकार)
(a) स्थानिक अन्तरक्रिया (i) आइसोप्लेथ का चित्रण
(b) समान मूल्य वितरण (ii) प्रवाह मानचित्र रेखाएँ
(c) विभिन्न क्षेत्रों को रंगों (iii) कोरोक्रोमेटिक से विभेदित करना
(d) मानचित्रण की क्षेत्रीय (iv) कोरोप्लेथ इकाई
कूट:
(a) (b) (c) (d)
(a) (ii) (i) (iii) (iv)
(b) (ii) (i) (iv) (iii)
(c) (i) (ii) (iv) (iii)
(d) (iii) (ii) (i) (iv)
उत्तर-(a) :
विशेषता मानचित्र प्रकार
स्थानिक अन्तरक्रिया का चित्रण – प्रवाह मानचित्र समान मूल्य वाली वितरण रेखाएँ – आइसोप्लेथ विभिन्न देशों को रंगो से विभेदित – कोरोक्रोमेटिक करना मानचित्रण की क्षेत्रीय इकाई – कोरोप्लेथ
43. किसी प्रदेश में एक समयावधि में जनसंख्या के वितरण के माध्य केन्द्र के सापेक्षिक विस्थापन के परीक्षण हेतु अनुप्रयोग किया जाएगा।
(a) निकटस्थ पड़ोसी विश्लेषण
(b) हरात्मक माध्य
(c) माध्य से माध्य विचलन
(d) भारित गणितीय माध्य
उत्तर-(d) : किसी प्रदेश में एक समयावधि में जनसंख्या के वितरण के मध्य केन्द्र के सापेक्षिक विस्थापन के परीक्षण हेतु भारित गणितीय माध्य का अनुप्रयोग किया जाएगा। निकटतम पड़ोसी विश्लेषण−किसी भी केन्द्र का उसके सबसे नजदीक वाले केन्द्र से किसी भी दिशा में उसका क्या सम्बन्ध है‚ इसको ही निकटतम पड़ोसी विश्लेषण कहा जाता है। इस विधि का सर्वप्रथम प्रयोग वनस्पति शाध्Eा में 1954 में क्लार्क तथा इवान्स ने पौधों तथा वनस्पति के वितरण को ज्ञात करने के लिए किया था।
44. केल्विन मापक पर मापा गया तापमान एक उदाहरण है
(a) तुलनात्मक मापक (b) वर्नियर मापक
(c) अन्तराल मापक (d) अनुपात मापक
उत्तर-(a) : केल्विन मापक पर मापा गया तापमान सेल्सियस फॉरेनहाइट पैमाने के सन्दर्भ में एक तुलनात्मक मापक का उदाहरण है। 268
45. पिछले तीन दशकों की अवधि में भारत में अनुसूचित जनजातियों की जनसंख्या के स्थानिक संकेन्द्रण में परिवर्तन को मापने की उपयुक्त विधि है
(a) विचरण गुणांक (b) गिनी गुणांक
(c) विविधरूपण निर्देशांक (d) असमरूपता निर्देशांक
उत्तर-(a) : पिछले तीन दशकों की अवधि में भारत में अनुसूचित जनजातियों की जनसंख्या के स्थानिक संक्रेन्द्रण में परिवर्तन को मापने की उपयुक्त विधि विचरण गुणांक है।
46. जीवन निर्वाहक कृषि प्रणाली में विविध रूपायित फसल प्रारूप निर्धारित होता है:
I. स्थानीय माँग द्वारा
II. स्थानीय संसाधन आधार द्वारा
III. बाजार की शक्तियों द्वारा
IV. प्राविधिकी जानकारी द्वारा सही कूट का चयन कीजिए।
(a) I, II और III सही हैं। (b) I, II और IV सही हैं।
(c) II, III और IV सही हैं। (d) I, III और IV सही हैं।
उत्तर-(a) : जीवन निर्वाहक कृषि प्रणाली में विविध रूपायित फसल प्रारूप स्थानीय माँग द्वारा‚ स्थानीय संसाधन आधार द्वारा एवं बाजार की शक्तियों द्वारा निर्धारित होता है। निम्नलिखित गद्यांश को पढ़िये तथा उस पर आधारित प्रश्नों के उत्तर दीजिए:
आधुनिक भूगोल में प्रादेशिक अध्ययन को संकल्पना और क्षेत्रीय स्तर पर पृथ्वी के परिवर्तनशील स्वरूप के अध्ययन के लिए उसे छोटी-छोटी इकाइयों में बाँटने की पद्धति सर्वप्रथम जर्मन भूगोलवेत्ता रिचथोफेन (1883) ने प्रतिपादित की थी। हेट्नर ने इस संकल्पना को और आगे बढ़ाया था। अंग्रेजी भाषी देशों में इस पद्धति का प्रचार हार्टशोर्न (1939) की पुस्तक नेचर ऑफ जिओग्रफी के प्रकाशन के साथ प्रारम्भ हुआ था और उसके प्रभाव में यह पद्धति शीघ्र ही भौगोलिक अध्ययन की सर्वमान्य पद्धति के रूप में स्थापित हो गई। फ्रांस में वॉल विडाल डी-ला ब्लाश के नेतृत्व में प्रादेशिक अध्ययन बीसवीं सदी के प्रारम्भ में ही विकसित हो चुका था। इस प्रकार बीसवीं सदी के मध्य अर्थात् 1950 के दशक के प्रारम्भ तक प्रादेशिक भूगोल भौगोलिक अध्ययन की मुख्य धारा के रूप में प्रतिस्थापित रहा। परन्तु 1950 के दशक का अन्त होते-होते इसके प्रति असंतोष की लहर फैलने लगी थी। इस प्रकार के अध्ययन की आलोचना करते हुए किम्बल (1951) ने ध्यान दिलाया कि वैज्ञानिक चिंतन अध्ययन हेतु चुनी गई वस्तुओं के बीच समानताओं का उद्घाटन कर उनके निर्माण में निहित सामान्य सिद्धांतों के प्रतिपादन का प्रयास करता है उनके बीच पाई जानेवाली विभिन्नताओं का उद्घाटन नहीं। विविधता में एकता के सूत्रों की खोज करना वैज्ञानिक चिंतन का मुख्य उद्देश्य है। इसीलिए प्रादेशिक भूगोल के अन्तर्गत किए जाने वाले अध्ययन को शेफर (1953) ने ‘‘अपवादों के अध्ययन पर केन्द्रित’’ और विज्ञान की मूल आत्मा के विपरीत अध्ययन बताया। इस समस्या की व्याख्या करते हुए बंगी (1966) ने रेखांकित किया कि प्रादेशिक भूगोल के अध्येताओं की मुख्य कठिनाई उनकी भौगोलिक स्थिति के बारे में अनूठेपन की संकल्पना में निहित थी। यही कारण था कि भूगोलविद् अपनी व्याख्या में स्थानों के बीच पाई जाने वाली समानताओं के स्थान पर उनके परस्पर विभेदों पर ध्यान केन्द्रित करते रहे थे। दूसरी मूलभूत कठिनाई यह थी कि द्वितीय विश्वयुद्ध के बाद भूगोल के विद्यार्थियों में यह आम धारणा बन गई थी कि फ्रांसिसी भौगोलिक चिंतन में प्रादेशिक इकाइयों को सन्निहित पारिस्थितिकीय इकाइयों के रूप में देखने सम्बन्धी मान्यता औद्योगीकरण के सर्वव्यापी प्रभाव के फलस्वरूप अब व्यावहारिक दृष्टि से सर्वथा अनुपयुक्त हो गई थी। परिणाम स्वरूप बीसवीं सदी के मध्य तक भौगोलिक चिंतन की मुख्य धारा के रूप में प्रादेशिक अध्ययन के प्रति विद्यार्थियों का लगाव द्रुत गति से कम हो गया और अध्ययन की शाखा के रूप में प्रादेशिक भूगोल की प्रतिष्ठा में कमी आई।
47. लेखांश का केन्द्रीय विषय किससे सम्बन्धित है?
(a) रिचर्ड हार्टशोर्न द्वारा दिया गया योगदान।
(b) फर्डिनेन्ड वॉन रिचथोफेन एवं अल्फ्रेड हेटनर द्वारा किये गये शोध।
(c) फ्रेड के. शेफर द्वारा दिया गया योगदान।
(d) क्षेत्रीय संकल्पना का इतिहास।
उत्तर-(d) : लेखांश का केन्द्रीय विषय ‘क्षेत्रीय संकल्पना का इतिहास’ से सम्बन्धित है।
48. भूगोल में क्षेत्रीय विभिन्नता की संकल्पना किसने दी?
(a) रिचर्ड हार्टशोर्न
(b) वॉल विडाल डी-ला ब्लाश
(c) अल्फ्रेड हेटनर
(d) फर्डिनान्ड वॉन रिचथोफेन
उत्तर-(d) : भूगोल में क्षेत्रीय विभिन्नता की संकल्पना रिचथोफेन द्वारा विकसित किया गया।
49. किसने कहा कि क्षेत्र एक अठारहवीं शताब्दी की संकल्पना है और जो धरातलीय ढाल को जोड़ता है बनिस्बत् अलग करने का।
(a) फ्रेड के. शेफर
(b) रिचर्ड हार्टशोर्न
(c) जी. एच. टी किम्बल
(d) वॉल विडाल डी-ला ब्लाश
उत्तर-(c) : उपरोक्त कथन जी. एच. टी. किम्बल ने कहा है।
50. ‘पेंज संकल्पना’ संबंधित है
(a) जर्मन स्कूल (b) फ्रेंच स्कूल
(c) अमरीकी स्कूल (d) रूसी स्कूल
उत्तर-(b) : पेंज संकल्पना’ फ्रेंच स्कूल से सम्बन्धित है।

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