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GEOGRAPHY UGC NTA NET JRF PREVIOUS PAPERS IN HINDIयूजीसी नेट/जेआरएफ परीक्षा‚ दिसम्बर- 2013 भूगोल व्याख्या सहित द्वितीय प्रश्न-पत्र का हल 0017.

GEOGRAPHY UGC NTA NET JRF PREVIOUS PAPERS IN HINDIयूजीसी नेट/जेआरएफ परीक्षा‚ दिसम्बर- 2013 भूगोल व्याख्या सहित द्वितीय प्रश्न-पत्र का हल

1. निम्नलिखित में से कौन-सा प्रक्रम चूना प्रदेश में शैलों का अपक्षय करता है?
(a) स्क्री का बनना (b) कार्बोनेटीकरण
(c) ऑक्सीकरण (d) जलीयकरण
उत्तर-(b) : कार्बोनेटीकरण प्रक्रम चूना प्रदेश शैलों का अपक्षय करता है। जब कार्बन डाईआक्साइड गैस का मिश्रण जल से होता है‚ तो कई प्रकार के कार्बोनेट बन जाते हैं। जो कि जल में घुलनशील होते है। इन कार्बोनेटों के निर्माण के कारण चट्टानों के घुलनशील तत्व उनसे अलग होकर जल के साथ हो लेता है। इसी कारण कार्बोनेशन को घोलन भी कहा जाता है। चूने का पत्थर साधारण जल के द्वारा नहीं घुल पाता है‚ परन्तु जब उसका संयोग कार्बन डाईआक्साइड गैस से होता है‚ तो चूने का पत्थर कैल्शियम वाई कार्बोनेट में बदल जाता है‚ जो आसानी से जल में घुलकर मिल जाता है। कार्बोनेशन की प्रक्रिया के कारण ही पोटाश या पोटेशियम कार्बोनेट की रचना होती है जो एक प्रकार का प्रमुख जीव भोजन है। भूमिगत जल में CO2 का अंश अधिक रहता है‚ अत: चूने के चट्टानों वाले भागों में सतह के ऊपर तथा नीचे इस प्रकार के अपक्षय द्वारा कई प्रकार की स्थलाकृतियों के निर्माण हुये है। पूर्ववर्ती यूगोस्लाविया का कार्स्ट प्रदेश इसका प्रमुख उदाहरण है।
2. सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए और दिए गए कूट में से सही उत्तर का चयन कीजिए− सूची-I सूचाी-II
(लेखक) (पुस्तक)
A. वूलरिज एवं मॉर्गन 1. प्रिंसिपल्स ऑफ जियोमार्फाेलॉजी
B. थार्नबरी 2. जियोमार्फोलॉजी
C. वैन रिचथोफेन 3. स्पिरिट एंड परपज ऑफ जिओग्राफी
D. स्टियर्स 4. अनस्टेबल अर्थ A B C D
(a) 1 2 3 4
(b) 2 3 1 4
(c) 3 1 2 4
(d) 4 2 1 3
उत्तर-(c) : लेखक पुस्तक
A. वूलरिज एवं मॉर्गन 1. स्पिरिट एंड परपज ऑफ जिओग्राफी
B. थार्नबरी 2. प्रिंसिपल्स ऑफ जियोमार्फाेलॉजी
C. वैन रिचथोफेन 3. जियोमार्फाेलॉजी
D. स्टियर्स 4. अनस्टेबल अर्थ
3. निम्नलिखित में से कौ-सी हिमनदीय आकृति के लिए यह माना जाता है‚ कि वह उपहिमीय सरिता के संस्तर में निर्मित हुई है?
(a) एस्कर (b) मोरेन
(c) ड्रमलिन (d) केम
उत्तर-(a) : एस्कर हिमानी जलोढ़ स्थलाकृति है। हिम के पिघलने से प्राप्त जल धाराओं के द्वारा मलवा के निक्षेपण से निर्मित एस्कर लम्बे‚ सकरे तथा सर्पिलाकार कटक होते है। इसके किनारे तीव्र ढाल वाले होते है। इनकी संरचना बजरी‚ रेत तथा कंकड़‚ पत्थर द्वारा होती है। इनका विस्तार हिमनद तथा जलधारा की दिशा के समानान्तर होता है। मोरेन-हिमनद अपने साथ छोटे-छोटे पदार्थों से लेकर बड़े-बड़े शिलाखण्ड़ों का परिवहन करता है। इन पदार्थो को जब हिमनद बहाकर नही ले जा पाता है तो उनका निक्षेप हो जाता है। हिमनद द्वारा पदार्थों के इस निक्षेप को मोरेन कहते है।
4. भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने भारत को कितने ‘भूकम्पीय अंचलों’ में विभाजित किया है?
(a) 4 (b) 5
(c) 6 (d) 7
उत्तर-(b) : भारत को 5 भूकम्पीय क्षेत्रों में विभाजित किया गया है। इसके अनुसार देश का 60% से अधिक क्षेत्र मध्यम एवं उच्च भूकम्पीय मेखलाओं के अन्तर्गत समाहित है। मेखला-I में भूकम्प द्वारा क्षति रहित क्षेत्र आते है जिसमें प्रायद्वीपीय भारत के भाग आते है। मेखला-II में न्यून क्षति जोखिम क्षेत्र सम्मिलित है जिसका विस्तार प्रथम मण्डल के चतुर्दिक क्षेत्रों में पाया जाता है। मेखला-III में सामान्य क्षति जोखिम वाले क्षेत्र सम्मिलित है। जिसमें प्रायद्वीप के कुछ भाग व गंगा के मैदान को सम्मिलित करते है। मेखला-IV में भारी क्ष़ति जोखिम वाले क्षेत्रों को सम्मिलित किया जाता है‚ जिसके अन्तर्गत जम्मू काश्मीर‚ हिमाचल प्रदेश‚ उत्तरी पंजाब‚ हरियाणा‚ दिल्ली‚ उत्तराखण्ड‚ उत्तरी उत्तर प्रदेश‚ उत्तरी बिहार‚ पश्चिम बंगाल‚ सिक्किम‚ पश्चिमी गुजरात मैदान‚ लातूर के समीप के क्षेत्र आते है। मेखला-V को अत्यधिक विनाश का क्षेत्र माना जाता है जिसके अन्तर्गत कच्छ प्रायद्वीप‚ जम्मू काश्मीर हिमाचल प्रदेश‚ उत्तरी
उत्तराखण्ड एवं पूर्वोत्तर भारत के क्षेत्र सम्मिलित है।
5. उत्खात-भूमि (बैड-लैंड) स्थलाकृति निम्नलिखित की मिली-जुली क्रिया का उत्पाद है−
(a) पवन एवं हिमानी (b) पवन एवं जल
(c) जल एवं हिमानी (d) जल एवं तापमान
उत्तर-(b) : उत्खात भूमि (बैड-लैंड) स्थलाकृति पवन एवं जल की मिली-जुली क्रिया का उत्पाद है। चीन के उत्तरी पश्चिमी भाग में नदियों ने लोयस को काट करके खड्ड में विभक्त करके उत्खात स्थलाकृति को जन्म दिया है।
6. ऊँचाई में वृद्धि के साथ तापमान में वृद्धि क्या कहलाती है?
(a) लैप्स रेट (च्युति दर)
(b) एडियाबैटिक लैप्स रेट (रूद्धोष्म च्युति दर)
(c) ताप व्युत्क्रमण
(d) सामान्य दर
उत्तर-(c) : सामान्य नियम के अनुसार क्षोभमण्डल या अधोमण्डल में ऊचाई के साथ तापमान 1000 मीटर पर 6.50 C की दर से घटता है‚ इसे सामान्य दर कहते है। परन्तु इस सामान्य तापमान के विपरीत कभी-कभी कालिक तथा स्थानीय रूप से ऊँचाई के साथ तापमान बढ़ता जाता है। इस क्रिया के कारण नीचे अपेक्षाकृत ठण्डी वायु की परत तथा उसके ऊपर गर्म वायु की परत की स्थिति हो जाती है इस स्थिति या दशा को ताप व्युत्क्रमण कहा जाता है। यह दशा धरातल के निकट भी हो सकती है। अधिक ऊँचाई पर होने वाला प्रतिलोपन अधिक स्थायी होता है। क्योंकि पार्थिव विकिरण द्वारा ऊपरी गर्म परत को ठन्डा करने में अधिक समय लगता है जबकि धरातल के निकट होने वाला प्रति-लोपन अल्पकालिक होता है‚ क्योंकि विकिरण द्वारा धरातल के निकट ठण्डी परत का लोप शीघ्र हो जाता है।
7. वर्षा से संबंधित प्रक्रियाओं का सही अनुक्रम बताए−
(a) असंतृप्त वायु‚ संघनन‚ ओस बिंदु‚ अवक्षेपण
(b) ओस बिंदु‚ संघनन‚ असंतृप्त वायु‚ अवक्षेपण
(c) अंसतृप्त वायु‚ ओस बिंदु‚ संघनन‚ अवक्षेपण
(d) ओस बिन्दु‚ अवक्षेपण‚ संघनन‚ असंतृप्त वायु
उत्तर-(a) : वर्षा से सम्बन्धित प्रक्रियाओं का सही अनुक्रम इस प्रकार है−असंतृप्त वायु‚ संघनन‚ओस बिन्दु एवं अवक्षेपण। ध्यातव्य है कि वर्षा एक प्रकार का संघनन है‚ ओस‚ तुषार‚ कोहरा‚ बादल और वर्षण संघनन के विभिन्न रूप है। ओस‚ तुषार और कोहरा संघनन के छोटे रूप हैं जो केवल पृथ्वी के धरातल पर पाये जाते हैं।
8. निम्नलिखित स्थितियों को पढ़ें−
1. मेघाच्छादित आकाश 2. ठंडी शुष्क वायु
3. तेज पवन 4. लम्बी शीतकालीन रातें उपर्युक्त में से कौन-सी स्थिति तापमान में विक्षेप को बढ़ावा देती है?
(a) 1‚2‚ एवं 4 (b) 2‚ 3 एवं 4
(c) 1 एवं 4 (d) 2 एवं 4
उत्तर-(d) : (1) तापमान में विक्षेप के लिए ‘लम्बी शीतकालीन रातें’ होनी चाहिए‚ ताकि बहिर्गामी पार्थिव विकिरण प्रवेशी सौर्थिक विकिरण से अधिक सक्रिय हो सके‚ जिस कारण प्राप्त उष्मा से नष्ट उष्मा अधिक हो जाय और धरातल के तापमान ऊपर से कम हो जाय।
(2) धरातल के पास शुष्क पवन हो‚ ताकि वह पार्थिव विकिरण का अधिक अवशोषण न कर सकें। जलवाष्पों से युक्त आर्द्र पवन पार्थिव विकिरण का अधिक अवशोषण कर लेती है।
(3) आकाश स्वच्छ तथा बादल रहित या अत्यधिक उच्च बादल होने चाहिए‚ ताकि पार्थिव विकिरण द्वारा उष्मा का हृास तीव्र तथा आबाध गति से सम्पन्न हो सकें। बादल की स्थिति में पार्थिव विकिरण शिथिल पड़ जाता है।
(4) वायुमण्डल शान्त तथा स्थिर होना चाहिए तथा पवन संचरण मन्द होना चाहिए‚ ताकि तापमान का स्थानान्तरण एवं मिलावट न हो सकें।
9. थॉर्नथ्वेट वर्गीकरण में दक्षिणी गंगा मैदान की जलवायु किसके द्वारा सूचित की जाती है?
(a) BA’w (b) CA’w
(c) AA’w (d) CW’w
उत्तर-(b) : दक्षिण गंगा मैदान के जलवायु को थॉर्नथ्वेट वर्गीकरण में CA’w संकेत द्वारा सूचित की जायेगी। ध्यातव्य है कि थॉर्नथ्वेट ने जलवायु विभागों के निर्धारण में वनस्पति तथा वाष्पीकरण की मात्रा के अतिरिक्त तापमान एवं वर्षा के वितरण को भी ध्यान में रखा है।
10. पृथ्वी के घूर्णन के कारण होने वाला पवन विक्षेप (या विचलन) क्या कहलाता है?
(a) भूमंडलीय पवन (b) भूविक्षेपी पवन
(c) आकस्मिक पवन (d) बलात पवन
उत्तर-(b) : पृथ्वी के घूर्णन के कारण होने वाला पवन विक्षेप भूविक्षेपी पवन कहलाता है। जिसके कारण कोरिऑलिस प्रभाव उत्पन्न होता है कोरिऑलिस बल के कारण सभी हवाएँ उत्तरी गोलार्ध में दाहिनी ओर तथा दक्षिणी गोलार्ध में बांयी ओर मुड़ जाती है।
11. जलाशयों में लवणता में वृद्धि किसमें परिवर्तन के साथ होती है?
(a) वाष्पीकरण में वृद्धि और ताजे जल के सम्मिश्रण में कमी
(b) वाष्पीकरण में कमी और ताजे जल के सम्मिश्रण में वृद्धि
(c) वाष्पीकरण में कमी और ताजे जल के सम्मिश्रण में कोई परिवर्तन नहीं
(d) वाष्पीकरण में वृद्धि और ताजे जल के सम्मिश्रण में वृद्धि
उत्तर-(a) : सागरीय जल में लवणता में वृद्धि को प्रभावित करने वाले कारक निम्न है-
(1) वाष्पीकरण-जिन भागों में वाष्पीकरण की दर उच्च होती है वहाँ लवणता की मात्रा अधिक होती है जैसे कर्क व मकर रेखा के समीपवर्ती क्षेत्रों में वाष्पीकरण के कारण उच्च लवणता पायी जाती है।
(2) वर्षा-जिन भागों में वाष्पीकरण की अपेक्षा अधिक होती है अथवा हिम के पिघलने से जल की प्राप्ती होती है वहाँ लवणता कम पायी जाती है।
(3) नदी जल की आपूर्ति-नदियाँ अपेक्षाकृत मीठे जल की प्रधान दोत होती है जिन भागों में ये समुद्र में मिलती है इनके मुहाने पर लवणता कम पायी जाती है। अमेजन‚ कांगों तथा गंगा जैसी नदियों के मुहाने पर कम लवणता का प्रधान कारण यही है।
(4) समुद्री धाराएँ-जल की ऊपरी सतह की अपेक्षा अधिक लवणयुक्त होती है। ये धाराएँ जिधर पहुँचती है‚ उधर ही खारेपन में वृद्धि कर देती है। जैसे−गल्फ स्ट्रीम यूरोप के उत्तरी भाग में पहुँचकर वहाँ पर खारापन बढ़ा देती है।
12. अभिकथन (A) : मृत/डेड सागर में लवणता बहुत कम होती है।
कारण (R) : मृत सागर उष्णकटिबंधीय शुष्क जलवायु क्षेत्र में अवस्थित है‚ जहाँ वाष्पीकरण उच्च‚ अवक्षेपण निम्न और अपवाह आन्तरिक होता है।
(a) A तथा R दोनों सही हैं
(b) A तथा R दोनों गलत हैं
(c) A गलत है परन्तु R सही है
(d) A सही परन्तु R गलत है
उत्तर-(c) : मृत सागर उष्णकटिबंधीय शुष्क जलवायु क्षेत्र में अवस्थित है। जार्डन में स्थित मृत सागर की लवणता 238%0 है। मृत सागर में अधिक लवणता के कारण जल का घनत्व इतना बढ़ गया है कि यहाँ मनुष्य डूब नहीं सकता। इस क्षेत्र में उच्च लवणता का कारण उच्च वाष्पीकरण है।
13. निम्नलिखित में से कौन-सी प्राथमिक हरित गृह गैस वैश्विक ऊष्पन से संबंधित नहीं है?
(a) जल वाष्प (b) कार्बन डाइऑक्साइड
(c) मीथेन (d) हाइड्रोजन
उत्तर-(d) : हरितगृहों के काँच सौर्यिक विकिरण को अन्दर आने देते है‚ परन्तु अन्दर से ऊष्मा को बाहर जाने से रोकते है। इस कारण हरितगृह में ऊष्मा का लगातार संचय होता रहता है। इस समस्त प्रक्रिया के परिणाम को हरितगृह प्रभाव कहते है। इस प्रकार वायुमण्डल में मानव जनित कार्बन डाइआक्साइड के आवरण प्रभाव के कारण पृथ्वी के सतह के प्रगामी तापन को हरितगृह प्रभाव कहते है। पृथ्वी के सन्दर्भ में कार्बन डाई आक्साइड तथा जलवाष्प हरितगृह की तरह व्यवहार करती है‚ क्योंकि ये सौर्यिक विकिरण को धरातल तक पहुँचने में कोई बाधा उपस्थित नही करती है‚ परन्तु पृथ्वी से होने वाले बहिर्गामी दीर्घ तरंग विकिरण खासकर अवरक्त किरणों को सोख लेती है‚ तथा उन्हें भूतल पर पुन: प्रत्यावर्तित कर देती है। जिस कारण धरातलीय सतह निरन्तर गर्म होती है। अत:
हरितगृह की विशेषता वाली गैसे निम्न है- कार्बन डाई आक्साइड‚ मेथेन‚ जलवाष्प तथा हैलोजनित गैसें आदि।
14. सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए और दिए गए कूट में से सही उत्तर का चयन कीजिए− सूची-I सूचाी-II
(राष्ट्रीय पार्क) (राज्य)
A. एरावीकूलम 1. कर्नाटक
B. बांदीपुर 2. केरल
C. हेमिस 3. मणिपुर
D. सिरोनी 4. जम्मू एवं कश्मीर A B C D
(a) 2 1 4 3
(b) 3 4 2 1
(c) 1 2 4 3
(d) 1 4 3 2
उत्तर-(a) :
सूची-I सूची-II राष्ट्रीय पार्क राज्य
A. एरावीकूलम 1. केरल
B. बांदीपुर 2. कर्नाटक
C. हेमिस 3. जम्मू एवं कश्मीर
D. सिरोनी 4. मणिपुर
15. निम्नलिखित में से कौन-सा टैगा बायोम है?
(a) अर्द्ध-उष्णकटिबन्धी बायोम
(b) अर्द्ध-उत्तरधु्रवीय बायोम
(c) सवाना बायोम
(d) उप-सहारा बायोम
उत्तर-(b) : अर्द्ध-उत्तर ध्रुवीय बायोम टैगा बायोम है। इसे शीतोष्ण कोणधारी वन बायोम भी कहते है। इनका विस्तार उत्तरी अमेरिका तथा यूरेशिया में शीत महाद्वीपीय अथवा उपध्रुवीय जलवायु प्रदेशों में पाया जाता है।
16. सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए और दिए गए कूट में से सही उत्तर का चयन कीजिए− सूची-I सूचाी-II
(भूगोलवेत्ता) (देश)
A. अलेक्जेंडर वॉन हम्बोल्ट 1. फ्रांस
B. एलेन चर्चिल सेम्पल 2. यू.के.
C. पीटर हैगेट 3. यू.एस.ए.
D. जीन्स ब्रून्स 4. जर्मनी A B C D
(a) 4 2 3 1
(b) 1 2 3 4
(c) 4 3 2 1
(d) 2 3 1 4
उत्तर-(c) : सूची-I सूचाी-II भूगोलवेत्ता देश
A. अलेक्जेंडर वॉन हम्बोल्ट 1. जर्मनी
B. एलेन चर्चिल सेम्पल 2. यू.एस.ए.
C. पीटर हैगेट 3. यू. के
D. जीन्स ब्रून्स 4. फ्रांस.
17. मात्रात्मक क्रांति काल के दौरान किस विद्धान ने भूगोल को भविष्यसूचक प्रतिरूपों की खोज के रूप में परिभाषित किया है?
(a) हैगेट (b) हार्वे
(c) स्टीवर्ट (d) बूंगी
उत्तर-(d) : मात्रात्मक क्रांति के काल के दौरान विलियम बूंगी ने भूगोल की भविष्यसूचक प्रतिरुपों की खोज के रुप में परिभाषित किया है। मात्रात्मक क्रान्ति के लिए भौगोलिक आधारशिला का निर्माण बूंगी ने किया। उन्होंने कहा कि भूगोल स्थानिक सम्बन्धों एवं अर्न्तसम्बन्धों का विज्ञान है‚ ज्यामिति स्थान का गणित है‚ और इस प्रकार ज्यामिति भूगोल की भाषा है। मात्रात्मक क्रान्ति को मजबूती प्रदान करने वाले अन्य प्रमुख विद्वान थे- पीटर हैगेट‚ रिचर्ड शोर्ले तथा डेविड हार्वे। इन विद्वानों की मान्यता थी‚ कि भौगोलिक अध्ययन में वस्तुनिष्ठता‚ विश्वसनीयता एवं वैज्ञानिकता के स्तर को बढ़ाने के लिए इससे सम्बन्धित तथ्यों का पर्यवेक्षण‚ मापन विश्लेषण इत्यादि को करने के लिए सांख्यिकीय विधियों मॉडल को अपनाना चाहिए‚ साथ ही सरलता एवं शीघ्रता एवं शुद्धता से इसका परिकलन करने के लिए कम्प्यूटर जैसे यन्त्रों का प्रयोग करना चाहिए।
18. स्थानिक अंतर्क्रिया की प्रक्रिया और उसके प्रतिरूपों
(पैटर्न) का वर्णन करने में भूगोलवेत्ता किस बात से सर्वाधिक सरोकार रखते हैं?
(a) अभिगम्यता एवं सम्बद्धता (b) घनत्व एवं छितराव
(c) विसरण एवं प्रतिरूप (d) सामान्य शहर
उत्तर-(b) : स्थानिक अंतर्क्रिया की प्रक्रिया और उसके प्रतिरूपों
(पैटर्न) का वर्णन करने में भूगोलवेत्ता घनत्व एवं छितराव की बात से सर्वाधिक सरोकार रखते हैं।
19. निम्नलिखित में से किसने भूगोल के मानववादी संप्रदाय की स्थापना की?
(a) वोलपर्ट (b) तुआन
(c) किर्क (d) हार्वे
उत्तर-(b) : तुआन ने मानववादी सम्प्रदाय की स्थापना की‚ जबकि मानववादी संकल्पना को निर्मित करने में सर्वप्रथम पहला किर्क ने की थी। तुआन के अनुसार मानववाद वह परिदृष्टि है जिसमें मानव तथा स्थान के बीच के सम्बन्धों को वैज्ञानिक रूप में व्याख्यायित किया जाता है। तुआन ने मानव एवं समाज के बीच सम्बन्धों को अभिव्यक्ति करने के लिए Topohila शब्द की रचना की।
20. निम्नलिखित में से कौन-से विद्वान ने महासागरीय जल के रंग और उसकी लवणता को सहसंबंधित रूप से देखा?
(a) इब्न – खाल्दून (b) अल – मसूदी
(c) इब्न – सिना (d) अल – मकदिसी
उत्तर-(b) : अलमसूदी का जन्म बगदाद में नौवीं शताब्दी के अन्त में हुआ था। इनकी प्रमुख पुस्तकें निम्न है-
(1) किताब-मुराज-अल दहाब
(2) किताब-अल-वनभ-वल इशरक
(3) किताब-अखबार-अल जमां
(4) किताब-अल औसत अलमसूदी पृथ्वी की मण्डलाकार आकृति के विचार को स्वीकार किया। उनका विश्वास था कि सागर का तल वक्रित है‚ क्योंकि जब जलयान तट के निकट आता होता है तब उसके ऊपर की वस्तुएँ अधिकाधिक दिखाई देने लगती है।
21. ‘‘सम्पूर्ण इतिहास को भौगोलिक रूप से समझना चाहिए और संपूर्ण भूगोल को ऐतिहासिक रूप से निरूपित करना चाहिए।’’
(a) हेरोडोटस (b) रेटजेल
(c) ब्लांश (d) डेविस
उत्तर-(a) : हेरोडोटस को इतिहास का पिता कहा जाता है। हेरोडोटस ने विश्व को 3 महाद्वीपों यूरोप‚ एशिया और लीबिया
(अफ्रीका) में विभाजित किया था। हेरोडोटस प्रथम भूगोलवेत्ता थे जिसने कैस्पियन सागर को आन्तरिक सागर माना। इन्होंने डेन्यूब नदी को विश्व की सबसे बड़ी नदी माना। फ्रेडरिक रेटजेल की पुस्तकें निम्न है-
(1) मानव भूगोल
(2) वाल्करकुण्डे
(3) राजनीतिक भूगोल अपनी पुस्तक राजनीतिक भूगोल में इन्होंने राज्य की जैविक उत्पत्ति का सिद्धान्त प्रस्तुत करते हुए राज्य की तुलना जीव से की है। रेटजेल ने लेबेन्सराय की संकल्पना का प्रतिपादन किया। विडाल डि-ला-ब्लाश को मानव भूगोल का पिता माना जाता है। वे सम्भववादी विचारधारा के प्रतिपादक भी है इनकी प्रमुख पुस्तकें निम्न है-
(1) टेलवॉ-डि-ला ज्योग्राफी-डि-ला-फ्रांस
(2) मानव भूगोल ब्लाश ने लघु स्वरूपीय क्षेत्रों को पेज कहा जाता है। डेविस ने भौगोलिक चक्र की संकल्पना का प्रतिपादन किया है।
22. खगोलशास्त्र का विज्ञान किस संप्रदाय ने विकसित किया है?
(a) यूनानी (b) चीनी
(c) रोमन (d) अरबी
उत्तर-(a) : खगोलशास्त्र का विज्ञान यूनानियों ने विकसित किया। हिप्पारकस‚ हेरोडोटस‚ एनेक्जीमेण्डर प्रमुख यूनानी खगोलशास्त्री हैं। जिन्होंने खगोलशास्त्र जैसे विषय पर गहन अध्ययन किया है। हिप्पारकस प्रथम यूनानी खगोलशास्त्री था जिसने विश्व को 360 अंशों में विभक्त किया। अक्षांशों के आधार पर इन्होंने विश्व को जलवायु प्रदेशों में विभक्त किया।
23. जनांकिकीय संक्रमण (परिवर्तन) एक प्रकार का ढाँचा है जो परिवर्तनों के ऐतिहासिक अनुक्रम का अन्वेषण करता है−
1. प्रजनन क्षमता एवं प्रवसन
2. मृत्यु दर एवं आयु-संरचना
3. मृत्यु दर एवं प्रवसन
4. आयु-संरचना एवं लिंग संयोजन
(a) 1 एवं 4 सही हैं (b) 3 एवं 4 सही हैं
(c) केवल 1 सही है (d) 1 और 2 सही है
उत्तर-(d) : जनांकिकीय संक्रमण सिद्धान्त किसी देश में जनसंख्या विकास का सामान्य विश्लेषण प्रस्तुत करता है जो जन्म दर और मृत्यु दर के कालिक परिवर्तनों या संक्रमण पर आधारित है जनांकिकीय संक्रमण सिद्धान्त का मूल प्रतिपादन नोटेस्टीन ने 1945 में किया था। उन्होंने पश्चिमी यूरोपीय देशों के अनुभवों का प्रयोग करके जनसंख्या के कालिक वृद्धि प्रतिरूप का सामान्यीकरण जन्मदर और मृत्युदर में होने वाले कालानुक्रमीय परिवर्तनों के आधार पर किया।
24. देश में किस राज्य में सबसे अधिक बाल श्रमिक पाए जाते हैं?
(a) तमिलनाडु (b) बिहार
(c) आंध्र प्रदेश (d) झारखंड
उत्तर-(c) : भारत में सबसे अधिक बाल श्रमिक पाये जाते हैं। ध्यातव्य है कि संविधान के अनुसार 14 वर्ष से कम आयु के बच्चों से काम करवाना कानूनन अपराध है। 14 वर्ष से कम उम्र के बच्चों से काम करवाना ही बाल श्रम कहलाता है।
25. भारत की दशकीय जनसंख्या की वृद्धि दर में किस दशक से निरन्तर कमी आ रही है?
(a) 1971-81 (b) 1981-91
(c) 1991-2001 (d) 2001-2011
उत्तर-(a) : भारत की दशकीय जनसंख्या की वृद्धि दर में 1971-
81 के दशक से निरन्तर कमी आ रही है।
26. निम्नलिखित में से किस महानगर में डियागो गार्सिया नाम का द्वीप है?
(a) अटलांटिक (b) प्रशान्त
(c) इंडियन (d) उत्तर-ध्रवीय
उत्तर-(c) : डियागो गार्सिया हिन्द (इंडियन) महासागर में स्थित है। पुर्तगाली खोजकर्त्ता डियागो गार्सिया ने इस द्वीप की खोज 1500
ई. में की थी‚ उन्ही के नाम पर इस द्वीप का नाम डियागो गार्सिया है। 1814 और 1965 के बीच यह मॉरीशस का क्षेत्र था‚ बाद में यह ब्रिटेन के अधिकार क्षेत्र में आ गया‚ जिसे 1976 में उसने संयुक्त राज्य अमेरिका को पट्टे पर दे दिया। शीत युद्ध के समय संयुक्त राज्य अमेरिका एवं ब्रिटेन ने यहाँ वायु/नौसेना का ईंधन आपूर्ति केन्द्र बनाया। वर्तमान में यहाँ दोनों देशों के सामरिक वायु एवं थल सैन्य अड्डे हैं।
27. अभिकथन (A) : शहरीकरण दस शताब्दी की सीमा निर्दिष्ट करने वाली परिघटना है और विकासशील देश पर परिवर्तन के फोकस (संकेन्द्रण) पर हैं।
कारण (R) : विकाशील देशों में महानगरों की द्रुत वृद्धि के कारण पिछले कुछ दशकों में शहर-गमन (या स्थानान्तरण) अधिक हुआ है।
(a) A तथा R दोनों सही हैं और R, A की सही व्याख्या करता है
(b) A तथा R दोनों सही हैं परन्तु R, A की सही व्याख्या करता नहीं है
(c) A सही हैं‚ परन्त्ुा R मिथ्या है
(d) A मिथ्या है‚ परन्तु R सही है
उत्तर-(b) : शहर-गमन या स्थानान्तरण की प्रक्रिया में लोग रोजगार की तलाश में शहर की ओर भागते हैं क्योंकि शहरों में आवश्यकता के अनुसार सभी सुविधाएँ मिल जाती हैं इसी कारण शहरों का विकास भी तीव्र गति से होता है‚ और यह प्रक्रिया विकासशील देशों में अधिक देखी जाती है। इस तरह कथन एवं कारण दोनों सही है लेकिन कारण कथन का स्पष्टीकरण नहीं है।
28. सूची-I को सूची-II से सुमेलित कीजिए और दिए गए कूट में से सही उत्तर का चयन कीजिए− सूची-I सूची-II
A. बाकू 1. हीरा
B. कुजबास बेसिन 2. खनिज लोहा
C. यूराल्स 3. कोयला
D. पूर्वी साइबेरिया 4. तेल A B C D
(a) 4 3 2 1
(b) 2 3 4 1
(c) 1 2 3 4
(d) 4 3 1 2
उत्तर-(a) :
सूची-I सूची-II
A. बाकू 1. तेल
B. कुजबास बेसिन 2. कोयला
C. यूराल्स 3. खनिज लोहा
D. पूर्वी साइबेरिया 4. हीरा
29. यू.एस.ए. में मारकेट माला किसके लिए विख्यात है?
(a) यूरेनियम (b) ताँबा
(c) स्वर्ण (d) लौह-अयस्क
उत्तर-(d) : संयुक्त राज्य अमेरिका लौह अयस्क का महत्वपूर्ण उत्पादक है। इस देश का सबसे महत्वपूर्ण उत्पादन सुपीरियर झील क्षेत्र है। जो U.S.A का 75% लौहा पैदा करता है। इस क्षेत्र की खानें विसकांसिन‚ मिशीगन तथा मिनीसोटा राज्यों में फैली हुयी है। इस क्षेत्र में छ: प्रमुख लौह श्रेणियाँ है जिनमें सबसे प्रसिद्ध मेसाबी है। अन्य पाँच श्रेणियाँ वरमीलियन‚ स्यूना‚ मारक्वेट गोगेबिक तथा मोनामिनी है। यहाँ का लोहा उच्च कोटि का होता है। इस क्षेत्र के लोहे को महान झीलों द्वारा सस्ता सुलभ परिवहन उपलब्ध है। संयुक्त राज्य अमेरिका का दूसरा प्रमुख लौह उत्पादक केन्द्र दक्षिणी अप्लेशियन क्षेत्र है जिसका अधिकांश भाग अल्बामा राज्य में है।
30. कागज उद्योगों की अवस्थिति किन कारकों द्वारा अत्यधिक प्रभावित होती है?
(a) कच्चे माल की उपलब्धता एवं समीपता
(b) बाजार की निकटता
(c) पूँजी की उपलब्धता
(d) परिवहन सम्बद्धता
उत्तर-(a) : कागज उद्योगों की अवस्थिति कच्चे माल की उपलब्धता एवं समीपता द्वारा अत्यधिक प्रभावित होती है। देश के 70% कागज की स्थापित क्षमता और उत्पादन में पश्चिम बंगाल‚ आन्ध्र प्रदेश‚ उड़ीसा‚ महाराष्ट्र‚ कर्नाटक और गुजरात का योगदान है। तमिलनाडु‚ हरियाणा‚ उत्तर प्रदेश‚ बिहार केरल तथा असम देश के लगभग 25 प्रतिशत कागज का उत्पादन करते है।
31. भारत में सबसे बड़ी मात्रा में आयात की जाने वाली वस्तुएँ कौन-सी हैं?
(a) कच्चा माल
(b) लोहा एवं स्टील
(c) पेट्रोलियम एवं चिकनाई पदार्थ
(d) मोती एवं बहुमूल्य पत्थर
उत्तर-(c) : पेट्रोलियम एवं चिकनाई वाले पदार्थ भारत में आयात की जाने वाली शीर्ष मदें हैं। भारत द्वारा आयातित प्रमुख शीर्ष वस्तुएँ इस प्रकार हैं−
(1) पेट्रोलियम तेल और सम्बन्धित उत्पाद
(2) पूँजीगत वस्तुएँ (मशीनरी‚ मेटेल‚ परिवहन उपकरण)
(3) रत्न एवं आभूषण
(4) रासायन एवं सम्बन्धित उत्पाद
(5) इलेक्ट्रॉनिक समान
32. किरकुक‚ जो विश्व में सर्वाधिक महत्वपूर्ण तेल क्षेत्र है‚ कहाँ स्थित है?
(a) ईरान (b) इराक
(c) कुवैत (d) रशिया (रूस)
उत्तर-(b) : इराक में तेल का उत्पादन सन् 1627 में किरकुक के निकट बाबा गुरगुर के स्थान पर आरम्भ हुआ। यह क्षेत्र इराक के
उत्तरी भाग में स्थित है। इस समय किरकुक इस देश का सबसे अधिक महत्वपूर्ण तेल उत्पादक क्षेत्र है। इराक के दक्षिणी भाग में बसरा के निकट जबेर तेल क्षेत्र है। उत्तरी भाग में गोसुल के निकट भी तेल मिलता है‚ किरकुक समुद्र से दूर स्थित है‚ इसलिए इस क्षेत्र का तेल पाइपलाइन द्वारा सीरिया की बनियास तथा लेबनान की त्रिपोली बन्दरगाहों तक पहुँचाया जाता है। ये दोनों बन्दरगाह भूमध्य सागर के पूर्वी तट पर स्थित है। इन बन्दरगाहों से इराक का तेल यूरोप तथा उत्तरी अमेरिका को निर्यात कर दिया जाता है।
33. एस्किमो लोग किस प्रजाति समूह से संबंध रखते हैं?
(a) नीग्रोयड्स (b) मंगोलॉइड
(c) काकेसॉयड्स (d) ऑस्ट्रेलॉयड्स
उत्तर-(b) : एस्किमो लोग कनाडा के उत्तरी तट पर बेफिन द्वीप के चारों ओर‚ हडसन में तथा ग्रीनलैण्ड में 650 और 700 उत्तरी अक्षांश के बीच की पेटी में निवास करते है। एस्किमो का चेहरा सपाट तथा चौड़ा होता है। इनका उद्गम स्थान एशिया है‚ अत:
इनमें मंगोलाइड प्रजाति के लक्षण मिलते है। कनाडा के एस्किमीज में श्वेत रक्त मिश्रण होने लगा है। ये भोजन के लिए सील मछली का आखेट करते है‚ तथा इनके बर्फ के मकान को इग्लू कहते है।
34. ‘सांस्कृतिक दृश्यभूमि’ की अवधारणा को किसके द्वारा बढ़ावा दिया गया?
(a) रेटजेल (b) एन बट्टीमेर
(c) कार्ल सॉवर (d) विलबर जेलिंस्की
उत्तर-(c) : सांस्कृतिक दृश्य भूमि की अवधारणा को कार्ल सॉवर द्वारा बढ़ावा मिला। सॉवर के अनुसार भूगोलवेत्ताओं का कार्य प्राकृतिक से सांस्कृतिक भूपटल की संक्रमण की प्रकृति को खोज करना तथा उसे समझना है।
35. निम्नलिखित में से कौन-सा इस्लामी देश प्रमुखत्या शिया संप्रदाय का है?
(a) इराक (b) ईरान
(c) पाकिस्तान (d) अफगानिस्तान
उत्तर-(b) : ईरान इस्लामी देश शिया सम्प्रदाय है। इसकी राजधानी तेहरान है और यह देश उत्तर-पूर्व में तुर्कमेनिस्तान‚ उत्तर में कैस्पियन सागर और अजरबैजॉन‚ दक्षिण में फॉरस की खाड़ी‚ पश्चिम में ईराक और तुर्की‚ पूर्व में अफगानिस्तान तथा पाकिस्तान से घिरा है।
36. ‘कोम्पेज’ की अवधारणा का प्रतिपादन निम्नलिखित में से किसने किया?
(a) मिंशुल (b) ब्लांश
(c) व्हीटेल्सी (d) आइजॉर्ड
उत्तर-(c) : कोम्पेज अति विशिष्ट प्रदेश है। यदि किसी प्रदेश का निरुपण मानव के सम्पूर्ण निवास्य प्रतिरूप के सन्दर्भ में किया जाता है‚ तो उसे सम्पूर्ण प्रदेश या कोम्पेज कहा जाता है। क्योंकि यह प्राकृतिक एवं सांस्कृतिक तत्वों के परस्पर सम्बन्धजन्य विशिष्टता पर आधारित होता है। ऐसे प्रदेश के लिए कोम्पेज शब्द का प्रयोग किया जाता है। 1956 में डी व्हीटेल्सी ने भूगोल में इस संकल्पना को प्रस्तुत किया था। वस्तुत: यह सांस्कृतिक प्रदेश का क्षेत्रीय रुप है।
37. राज्य की आर्गेनिक थ्योरी का संस्थापक निम्नलिखित में से कौन है?
(a) मैकिंडर (b) रेटजेल
(c) हॉशोफर (d) इसिया बॉमन
उत्तर-(b) : रेटजेल ने अपनी पुस्तक राजनीतिक भूगोल में राज्य की जैविक उत्पत्ति का सिद्धान्त प्रस्तुत करते हुए राज्य की तुलना जीव से की है। इनका कथन है कि राज्य का या वो सामान्य जीव की तरह विकास करना चाहिए या उसे समाप्त हो जाना चाहिए‚ वह कभी भी स्थिर नहीं रह सकता। रेटजेल द्वारा लिखित पुस्तकें निम्न है-
(1) मानव भूगोल
(2) पृथ्वी एवं जीवन
(3) वालकरकुण्डे
(4) राजनीतिक भूगोल रेटजेल ने लेबेन्सराय की संकल्पना दी है।
38. अर्द्ध-गणतांत्रिक शासन निम्नलिखित में से किस देश में है?
(a) यू.एस.ए. (b) ग्रेट ब्रिटेन
(c) रूस (d) भारत
उत्तर-(d) : अर्द्ध-गणतांत्रिक शासन प्रणाली उपरोक्त विकल्पों में भारत में विद्यमान है।
39. भारत में‚ निम्नलिखित में से कौन-सा सबसे पहला क्षेत्रीय नियोजन का प्रयास था?
(a) राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र योजना
(b) दंडकारण्य क्षेत्र योजना
(c) दामोदर घाटी परियोजना
(d) भाखड़ा नांगल परियोजना
उत्तर-(c) : भारत में सबसे पहला क्षेत्रीय नियोजन का प्रयास दामोदर घाटी परियोजना में किया गया था। दामोदर घाटी परियोजना 1933 में संयुक्त राज्य अमेरिका में प्रारम्भ की गयी टेनिसी घाटी प्राधिकरण का अनुकरण थी। दामोदर घाटी परियोजना द्वारा कृषि तथा प्राथमिक संसाधन विकास की अपेक्षा नगरीय तथा औद्योगिक क्षेत्रों के विकास पर अधिक ध्यान आकर्षित हुआ था।
40. निम्नलिखित में से कौन-सा युग्म गलत है?
(a) उपयोगितावादी योजना – प्रकार्यात्मक योजना
(b) व्यापक योजना – एकीकृत योजना
(c) क्षेत्रीय योजना – स्थानिक योजना
(d) खंडीय योजना – समन्वित
उत्तर-(d) : खंडीय योजना ‘समन्वित’ विकास से सम्बन्धित नहीं है। शेष अन्य विकल्प सुमेलित है।
41. निम्नलिखित में से किस राज्य की सबसे लम्बी तट रेखा है?
(a) तमिलनाडु (b) महाराष्ट्र
(c) गुजरात (d) केरल
उत्तर-(c) : गुजरात राज्य की सबसे लम्बी तटरेखा है। इसकी कुल तटीय लम्बाई 1663 किमी0 है। जबकि सबसे छोटी सीमारेखा लक्षद्वीप की 37 किमी0 है। ध्यातव्य है कि भारत की स्थलीय सीमा की लम्बाई 15200 किमी0 है तथा मुख्य भूमि की समुद्र तटीय सीमा की लम्बाई 6100 किमी0 है एवं लक्षद्वीप समूह एवं अण्डमान निकोबार द्वीप समूह के समुद्र तट की कुल लम्बाई 7516 किमी0 है।
42. भारत के निम्नलिखित राज्यों में से किसमें लैटेराइट
(मखरला) मृदा का केन्द्रीयकरण अधिकतम है?
(a) ओड़िशा (b) गुजरात
(c) जम्मू एंड कश्मीर (d) अरूणाचल प्रदेश
उत्तर-(d) : भारत में लैटराइट मृदा 1.26 लाख वर्ग किमी. क्षेत्र पर विस्तृत है। ये मृदा सहयाद्रि‚ पूर्वी घाट‚ राजमहल‚ पहाड़ियाँ सतपुड़ा‚ विन्ध्य‚ असम तथा मेघालय की पहाड़ियों के शिखरो पर मिलती है। लैटराइट मिट्टी का रंग ईट के समान होता है। ये उष्णकटिबन्धीय की प्रारुपिक मिट्टीयाँ होती है‚ तथा ऐसे क्षेत्रों में मिलती है जहाँ क्रमश: आद्र तथा शुष्क जलवायु मिलती है। ‘वर्षा’ के कारण इन मृदाओं से सिलिका के पदार्थ निक्षालित हो जाते है। लोहे तथा एल्युमिनियम के आक्साइड बचे रह जाते है। इसका रंग लाल लोहे के आक्साइड के कारण होता है। इनमें नाइट्रोजन‚ पोटाश‚ चूना‚ जैविक पदार्थों की कमी होती है। ये प्राय: अनुर्वर मृदा है। किन्तु उर्वरक के प्रयोग से चाय‚ कहवा‚ रबर‚ सिनकोना तथा काजू आदि विविध प्रकार की बागानी खेती सफलता पूर्वक की जाती है। ये मृदा अति निक्षालित प्रकृति की होती है।
43. नीचे दो कथन दिये गये हैं‚ जिनमें से एक को
अभिकथन (A) और दूसरे को कारण (R) का नाम दिया गया है। नीचे दिए गए कूट में से अपने उत्तर का चयन कीजिए:
अभिकथन (A) :
लैटेराइट मृदाएँ केरल में सुविकसित हैं।
कारण (R) : मानसून मौसम के दौरान केरल में भारी वर्षा होती है।
कूट :
(a) (A) तथा (R) दोनों सही हैं और (R), (A) को स्पष्ट करता है
(b) (A) सही है पर (R) गलत है।
(c) (A) गलत है‚ पर (R) सही है।
(d) (A) और (R) दोनों सही हैं‚ परन्तु (R), (A) को स्पष्ट नहीं करता।
उत्तर-(a) : भारत में मानसून का प्रवेश केरल राज्य से होता है‚ एवं शुरुआती दिनों में केरल राज्य में भारी वर्षा होती है। भारी वर्षा के कारण ही यहाँ की मृदा निक्षालित हो जाती है। इसी कारण केरल में लैटराइट मृदा सुविकसित होती है। अत: कारण एवं कथन दोनों सही हैं एवं कारण कथन की सही व्याख्या भी कर रहा है।
44. नीचे दो कथन दिये गये हैं‚ एक को अभिकथन (A) और दूसरे को कारण (R) का नाम दिया गया है। नीचे दिए गए कूट में से अपने उत्तर का चयन कीजिए:
अभिकथन (A) :
हिमालय की नदियाँ बारहमासी होती है।
कारण (R) : यह क्षेत्र केवल दक्षिण-पश्चिम मानसून से ही वृष्टि प्राप्त करता है।
कूट−
(a) (A) और (R) सही हैं और (R), (A) की व्याख्या करता है।
(b) (A) और (R) दोनों सही हैं‚ परन्तु (R), (A) की व्याख्या नहीं करता है।
(c) (A) सही है‚ परन्तु (R) असत्य है।
(d) (A) असत्य है‚ परन्तु (R) सत्य है।
उत्तर-(c) : भारत के उत्तरी मैदान में बहने वाली नदियाँ हिमालय के हिमाच्छित क्षेत्रों से निकलती है। इन नदियों को वर्ष भर जल हिम के पिघलने से प्राप्त होता है‚ जिससे इन नदियों में वर्ष भर जल बहता है। भारत में सर्वाधिक वर्षा दक्षिणी-पश्चिमी मानसून से होती है। दक्षिणी पश्चिमी मानसून का प्रारम्भ केरल राज्य से प्रारम्भ होता है। लेकिन हिमालयी क्षेत्र में पश्चिमी विक्षोभ से भी सीमित मात्रा में वर्षा होती है। अत: कारण असत्य है जबकि कथन सत्य।
45. ‘कश्मीर घाटी’ निम्नलिखित में से किन पर्वत श्रेणियों के बीच स्थित है?
(a) पीरपंजाल और कराकोरम श्रेणी
(b) पीरपंजाल और जास्कर श्रेणी
(c) जास्कर और लद्दाख श्रेणी
(d) सुलेमान और किरथर श्रेणी
उत्तर-(b) : कश्मीर घाटी पीरपंजाल तथा जास्कर श्रेणी के मध्य स्थित है। कश्मीर घाटी के पूर्व में काठमाण्डू की घाटी है। जो नेपाल में स्थित है। कश्मीर घाटी में हिमनद उत्पत्ति के चीका मिट्टी के निक्षेप पाये जाते है‚ जिन्हे करेवा कहा जाता है। करेवा मिट्टी बहुत उपजाऊ होती है तथा यह केसर की खेती के लिए बहुत उपयोगी है।
46. निम्नलिखित में से किस क्षेत्र में सिंचाई के अन्तर्गत कृषि भूमि का अधिकतम अनुपात आता है?
(a) पंजाब – हरियाणा मैदान
(b) राजस्थान – गुजरात मैदान
(c) पश्चिमी बंगाल – डेल्टा
(d) उत्तर प्रदेश – बिहार मैदान
उत्तर-(a) : पंजाब-हरियाणा मैदान में सिंचाई के अन्तर्गत कृषि भूमि का अधिकतम अनुपात आता है। पंजाब तथा हरियाणा में कृषि की आधारशिला सिंचाई है। क्योंकि यहाँ वर्षा कम होती है। यहाँ अधिकांश सिंचाई नहरों द्वारा की जाती है।
47. निम्नलिखित एवं Y चित्रों पर विचार करें− निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?

(a) चित्र छोटा पैमाना है और A एवं B के बीच दूरी 40 मीटर है
(b) चित्र Y बड़ा पैमाना है और C एवं D के बीच दूरी 4 किमी है
(c) चित्र बड़े पैमाने का है और चित्र Y छोटा पैमाना है। A एवं B और C एवं D के बीच दूरी क्रमश: 40 मीटर और 20 किमी है
(d) चित्र बड़ा पैमाना है और चित्र Y छोटा पैमाना है। A और B तथा C और D के बीच दूरी एकसमान है
उत्तर-(c) : उपरोक्त कथन (c) सत्य है। क्योंकि x चित्र बड़े पैमाने का है और y चित्र छोटे पैमाने का है। A एवं B और C एवं D के बीच दूरी क्रमश: 40 किमी. और 20 किमी. है।
48. यदि वर्षा की परिवर्तनशीलता का माप करना है‚ तो निम्नलिखित में से किस तकनीक का हम उपयोग करेंगे?
(a) माध्य विचलन
(b) मानक विचलन
(c) विचरण का गुणांक
(d) अंतर्चतुर्थक परास
उत्तर-(c) : यदि वर्षा की परिवर्तनशीलता की माप करना है‚ तो विचरण का गुणांक तकनीक का प्रयोग करेंगे। किसी समंक श्रेणी के समानान्तर माध्य से उसके विभिन्न पद मूल्यों के विचलनों के वर्गो के समानान्तर माध्य के वर्गमूल को उस श्रेणी का मानक विचलन कहते है।
49. निम्नलिखित में से कौन-सा मात्रात्मक वितरण मानचित्र नहीं है?
(a) वर्णप्रतीकी मानचित्र
(b) सममान रेखा मानचित्र
(c) बिन्दु मानचित्र
(d) वर्णमात्री मानचित्र
उत्तर-(a) : वर्णप्रतीकी मानचित्र में प्रतीक या चिह्नों की सहायता से वितरण को प्रदर्शित करते है। इस विधि में जिन वस्तुओं का वितरण दिखलाना होता है उन सबके अलग-अलग चिह्न या प्रतीक निश्चित करके उन्हें मानचित्र में यथास्थान अंकित कर देते है। वर्णमापी मानचित्र में भिन्न-भिन्न घनत्व वाली छायाओं के द्वारा किसी वस्तु की प्रति इकाई औसत संख्या या प्रतिशत मूल्य जैसे जनसंख्या का प्रति वर्ग किमी धनत्व विभिन्न राज्यों में प्रति व्यक्ति आय अथवा किसी फसल का भिन्न-भिन्न क्षेत्रों में प्रति हेक्टेयर उत्पादन आदि प्रदर्शित किया जाता है। इस मानचित्र में घनत्व आदि की भिन्नता को राजनीतिक अथवा प्रशासनिक क्षेत्रों के आधार पर दर्शाया जाता है।
50. भारत में राजकीय स्तर पर जनसंख्या की व्यावसायिक संरचना किसके द्वारा श्रेष्ठ निरूपित होती है?
(a) बिन्दु विधि
(b) समान विधि
(c) सर्वमात्री विधि
(d) चक्र आरेख
उत्तर-(d) : भारत में राजकीय स्तर पर जनसंख्या की व्यावसायिक संरचना चक्र आरेख द्वारा श्रेष्ठ निरुपित होती है। चक्र आरेख वह चित्र है‚ जिसमें वृत्त को कई भागों में बाँटकर ऑकड़ों को भिन्नभिन्न प्रतिशत या सापेक्ष मूल्य को प्रस्तुत किया जाता है।

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