You are here
Home > ebooks > Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi

Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi

Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers Setwise


Q1. सभी बड़े शहर सड़कों पर भारी संख्या में वाहनों के कारण पर्यावरण-प्रदूषण की समस्या का सामना कर रहे हैं। पर्यावरण संरक्षण के लिए शहर के लोग व्यक्तिगत रूप से ……….. के माध्यम से अपना सहयोग दे सकते हैं।

(a) आने-जाने के लिए सार्वजनिक यातायात व्यवस्था का प्रयोग करने
(b) अक्सर घर से बाहर जाने से बचने
(c) व्यक्तिगत वाहन‚ जैसे स्कूटर‚ कार आदि नहीं रखने
(d) पर्यावरण सुरक्षित सीमा के लिए व्यक्तिगत वाहन के इंजन की नियमित रूप से जाँच करवाने
Ans: (a) बड़े शहरो में सड़कों पर भारी संख्या में वाहनों के कारण पर्यावरण-प्रदूषण की समस्या बढ़ रही है। पर्यावरण संरक्षण के लिए शहर के लोग व्यक्तिगत रूप से आने-जाने के लिए सार्वजनिक यातायात व्यवस्था का प्रयोग करने पर अपना सहयोग दे सकते है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q2. प्रोटीन का सर्वोत्कृष्ट दोत है
(a) दूध (b) माँस
(c) सोयाबीन (d) अण्डा
Ans. : (c) प्रोटीन शरीर की अत्यन्त महत्वपूर्ण आवश्यकता होती है। इसी के कारण शरीर में नये उत्तकों का निर्माण तथा उनकी मरम्मत होती है। इसकी कमी से क्वाशरकोर (सूखा) रोग हो जाता है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q3. आप बालकों के साथ चना अंकुरण की गतिविधि करते हैं जिसमें प्रत्येक बालक भिन्न-भिन्न परिस्थितियों में अंकुरण का प्रयास करता है : (1) केवल हवा में (2) हवा और पानी में (3) पानी में पूरी तरह डुबा कर। बालक प्राप्त परिणामों को अपनी कॉपियों में अंकित करते हैं‚ विश्लेषण करते हैं और निष्कर्षित करते है कि अंकुरण के लिए पानी और हवा दोनों आवश्यक है। इस गतिविधि में निम्नलिखित में से किस कौशल से बालकों का परिचय नहीं होता?
(a) अवलोकन (b) वर्गीकरण
(c) उन्नतीकरण (d) तार्किकता
Ans: (d) चना अंकुरण की गतिविधि द्वारा बालक अवलोकन‚ वर्गीकरण तथा उन्नतीकरण के कौशल से परिचित होगे। तार्किकता कौशल से छात्र परिचित नहीं होंगे।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q4. सभी बच्चों को पर्यावरण अध्ययन के शिक्षण तथा सीखने के लिए प्रत्येक शिक्षण कक्ष में आवश्यकताएँ है
(a) संज्ञानात्मक/आयु उपयुक्त पाठ्यक्रम
(b) अनुकूल तथा धमकी रहित परिवेश
(c) स्कूल आधारित आकलन तथा आख्या प्रस्तुत करना
(d) उपरोक्त सभी
Ans. (d) : पर्यावरण अध्ययन के शिक्षण तथा सीखने के लिए प्रत्येक शिक्षण कक्ष में संज्ञानात्मक उपयुक्त पाठ्यक्रम‚ अनुकूल तथा धमकी रहित परिवेश होना चाहिए। इसके अलावा शिक्षण कक्ष में पर्यावरण अध्ययन के शिक्षण तथा सीखने के लिए स्कूल आधारित आकलन तथा आख्या प्रस्तुत करने की आवश्यकता होती है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q5. हमारे सौरमंडल का सबसे निकटतम तारा कौनसा है?
(a) अल्फा सेंटायूरी (b) भीटा सेंटायूरी
(c) प्रोक्सिमा सेंन्चुरी (d) बर्नार्ड
Ans : (c) प्राँक्सिमा सेन्चुरी सूर्य का निकटम तारा है जो सूर्य से 4.3 प्रकाश वर्ष दूर है। इसी प्रकार साइरस या डॉग स्टार पृथ्वी 9 प्रकाश वर्ष की दूरी पर स्थित है तथा सूर्य से दो गुने द्रव्यमान वाला तारा है।अल्फा सेंन्चुरी प्रोक्सिमा को शामिल करते हुए 3 तारों का समूह है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q6. दुर्गा एक गाँव में रहती है और लकड़ी या गोबर के उपले का ईंधन इस्तेमाल करते हुए चूल्हे पर खाना पकाती है। पिछले तीन महीनों से उसे ते़ज खाँसी आ रही है। इसका कारण हो सकता है
(a) उसकी झोपड़ी के अंदर और बाहर प्रदूषण तथा वृद्धावस्था
(b) ईंधन के जलने से उत्पादित कार्बन मोनोक्साइड जा उसके श्वसन नली में जमा हो गई होगी
(c) जलते हुए ईंधन से उत्पादित काला धुआँ जो उसके श्वसन नली में जमा हो गया होगा
(d) जलते हुए ईंधन के धुएँ से उसे एलर्जी हो गई होगी
Ans: (b) लकड़ी और गोबर तथा अन्य किसी भी प्रकार के जीवाश्म ईधन को प्रयोग करने या जलने से उसमें कार्बन मोनोक्साइड निकलती है जो हमारे स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। अगर यह लगातार प्रयोग किया जाये तो यह हमारी श्वसन नली में जम जाता है जिससे अनेक बीमारियाँ होने का खतरा बढ़ जाता है। अत: दुर्गा को भी निरन्तर ईंधन का प्रयोग करने की बजह से उसकी श्वसन नली में भी काला धुँआ (कार्बन मोनोआक्साइड) जम गया होगा।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q7. विटामिन ‘A’ की कमी से होने वाला रोग है
(a) रिकेट्स (b) रतौंधी
(c) स्कर्वी (d) क्वाशियोरकर
Ans. : (b) विटामिन ‘A’ की कमी से रतौंधी नामक रोग हो जाता है। विटामिन ‘A’ का मुख्य दोत-मछली के यकृत का तेल‚ गाजर‚ टमाटर‚ मक्खन आदि है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q8. निम्नलिखित में से किस वनस्पति के बीज हम खाते हैं?
(a) गाजर (b) मक्का
(c) केला (d) मूँगफली
Ans: (d) गाजर‚ मक्का एवं केला का खाने वाला भाग गुदा होता है जबकि मँूगफली में खाने वाला भाग उसका बीज होता है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q9. पर्यावरण अध्ययन के सीखने के मुख्य प्रशिक्षण संकेतांक हैं
(a) पर्यवेक्षण तथा रिपोर्टिंग
(b) अभिव्यक्ति‚ व्याख्या और वर्गीकरण
(c) पूछताछ‚ विश्लेषण और प्रयोग
(d) उपरोक्त सभी
Ans. (d) : पर्यावरण अध्ययन के सीखने के मुख्य प्रशिक्षण संकेतांक पर्यवेक्षण तथा रिपोर्टिंग‚ अभिव्यक्ति‚ व्याख्या और वर्गीकरण‚ पूछताछ विश्लेषण और प्रयोग करना है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q10. तारामण्डल ‘सप्त-ऋषि’ को पश्चिम निवासी किस नाम से जानते है?
(a) सेवन मोंक (b) अल्फा सेंटोरी
(c) बिंग डिंपर (d) स्माँल बियर
Ans : (c) सप्तर्षि तारामंडल पृथ्वी के उत्तरी गोलार्ध के आकाश में रात्रि में दिखाई देने वाला एक तारा मण्डल है। अग्रेजी में इस ‘अरसा मेजर’ ग्रेट बियर या बिग बियर (Big bear) कहा जाता है। इन सब का अर्थ होता है ‘बड़ा भालू’ तथा अमेरिका और कनाडा (पश्चिमी निवासी) में इसे ‘‘बिग डिंपर’’ (यानि बड़ा चमचा) भी कहा जाता है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q11. रानी अपने घर का कूड़ा नीचे दर्शाए तरीके से दो ढेरियों में अलग करती है: रीना ने दो ढेरियों में कूड़ा निम्न आधार पर अलग किया
(a) दुर्गंध है/दुर्गंध रहित है
(b) अपघटित होने वाले/अपघटित नहीं होने वाले
(c) पुन: चक्रण किया जा सकता है/पुन: चक्रण नहीं किया जा सकता
(d) घरेलू कचरा है/औद्योगिक कचरा है
Ans: (b) रानी अपने घर का कूडा दो ढेरियों में इसलिए अलग-अलग करती है जिससे वह अपघटित होनें वाले कूड़े को पहले वाली ढेरी तथा अपघटित न होने वाले कूड़े को दूसरे ढ़ेरी में अलग-अलग कर सके क्योंकि केले का छिलका‚ सब्जियों के छिलके‚ सूखी पत्तियाँ‚ अपघटित हो सकता है लेकिन जैम की बोतल‚ सॉस का बोतल आदि अपघटित नहीं होगे।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q12. किस विटामिन की कमी से घाव से रक्त का बहना नहीं रुकता?
(a) विटामिन-A (b) विटामिन-B
(c) विटामिन-C (d) विटामिन-K
Ans. : (d) विटामिन-K की कमी से घाव से रक्त का बहना नहीं रुकता है इस विटामिन का मुख्य कार्य रक्त के थक्के जमाना है। प्रोथाम्बिन रसायन की उपस्थिति में रक्त जम जाता है। विटामिन-K का रासायनिक नाम नेफ्थेक्विनोन है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q13. निम्नलिखित में से कौन-सा जल को असंक्रमित करने में सहायक नहीं है?
(a) निस्यन्दन (छानना) (b) क्लोरीन गोलियाँ
(c) फिटकरी (d) उबालना
Ans: (a) क्लोरीन की गोलियाँ‚ फिटकरी पानी में डालने से तथा पानी को उबालने से पानी का संक्रमण समाप्त हो जाता है। जबकि निस्यन्दन (छानने) की क्रिया द्वारा पानी में उपस्थित गंदगी (धूल‚बालू) को दूर किया जाता है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q14. प्राथमिक स्तर पर पर्यावरण अध्ययन की पाठ्य-पुस्तक में निम्नलिखित में से कौन-सी विशेषता नहीं होनी चाहिए?
(a) यह प्राकृतिक और समाज-सांस्कृतिक परिवेश को एकीकृत तरीके से प्रस्तुत करती है
(b) यह शिक्षार्थियों की वैविध्यपूर्ण पृष्ठभूमि की जरूरतों को पूरा करती है
(c) यह वास्तविक कहानियों और घटनाओं को शामिल करती है
(d) यह परिभाषाओं और अमूर्त अवधारणाओं की व्याख्या करने पर ध्यान केन्द्रित करती है
Ans. (d) : प्राथमिक स्तर पर पर्यावरण अध्ययन की पाठ्यपुस्तक में निम्न विशेषता होनी चाहिए। μ यह प्राकृतिक और समाज-सांस्कृतिक परिवेश को एकीकृत तरीके से प्रस्तुत करती है। μ यह शिक्षार्थियों की वैविध्यपूर्ण पृष्ठभूमि की जरूरतों को पूरा करती है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q15. सौरमंडल के बाहर ‘‘साइरस’’ नामक चमकीले तारे को…… भी कहते हैं।
(a) कैट स्टार (b) डॉग स्टार
(c) फॉक्स स्टार (d) लायन स्टार
Ans : (b) हमारे सौरमंडल के बाहर महाश्वान तारामंडल में स्थित साइरस तारे को ‘डाग स्टार’ भी कहा जाता है। यह तारा‚ वास्तव में दो तारों का समूह है‚ जिसमें से एक तो मुख्य अनुक्रम तारा है जिसे ‘‘डाग स्टार ए’’ कहा जाता है और दूसरा सफेद बौना तारा है जिसे ‘‘डाग स्टार बी’’ कहा जाता है। डाग स्टार पृथ्वी से लगभग 8.6 प्रकाश वर्ष की दूरी पर है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q16. वायु प्रदूषण का कारण है
(a) कीटनाशक (b) सीवेज
(c) धुआँ (d) ध्वनि विस्तारक
Ans. : (c) धुआँ वायु-प्रदूषण का मुख्य कारक है क्योंकि धुएँ में अनेक प्रकार की अवांछनीय गैसें होती हैं जो स्वच्छ वायु में मिलकर उन्हें प्रदूषित कर देती हैं। ये गैसें हैं − कार्बन डाई ऑक्साइड‚ कार्बन मोनो आक्साइड‚ सल्फर डाई आक्साइड‚ मिथेन इत्यादि।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q17. निम्न में से कौन-सी खरीफ की फसल नहीं है?
(a) चावल (b) गन्ना
(c) गेहूँ (d) मक्का
Ans. : (c) जून-जुलाई महीने में बोई जाने वाली फसल खरीफ कहलाती है खरीफ फसल के अन्तर्गत आने वाली मुख्य फसल है− चावल‚ गन्ना एवं मक्का आदि। अक्टूबर-नवम्बर में बोई जाने वाली फसल रबी कहलाती है। रबी की प्रमुख फसल है−गेहूँ‚ जौ‚ चना‚ मटर‚ सरसों आदि।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q18. सजीवों में ऑक्सीश्वसन की प्रक्रिया में……..ऊर्जा अवमुक्त होती है।
(a) ५७३ किलो कैलोरी (b) ६७३ किलो कैलोरी
(c) २८ किलो कैलोरी (d) ७४६ किलो कैलोरी
Ans. (b) : ऑक्सीश्वसन ऑक्सीजन की उपस्थिति में होने वाली एक श्वसन क्रिया है। ऑक्सीश्वसन में ग्लूकोस का पूर्ण ऑक्सीकरण होता है तथा कार्बनडाई ऑक्साइड तथा जल का निर्माण होता है। सजीवो में ऑक्सीश्वसन की प्रक्रिया में 673 kcal ऊर्जा अवमुक्त होती है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q19. पर्यावरण अध्ययन के शिक्षण हेतु निम्न में से कौन-सा उद्देश्य आवश्यक नहीं है?
(a) भौतिक और सामाजिक पर्यावरण के प्रति संवेदनशीलता विकसित करना
(b) विज्ञान के आधारभूत प्रत्ययों और सिद्धांतो को रटकर याद कर लेना
(c) पर्यावरण को खोजने (जानने) के अवसर प्रदान करना
(d) अवलोकन‚ मापन‚ भविष्य कथन और वर्गीकरण जैसे कौशलों का विकास करना
Ans. (b) : पर्यावरण अध्ययन के शिक्षण के अंतर्गत विज्ञान के आधारभूत प्रयासों व सिद्धांतों को रटकर याद कर लेना शामिल नहीं होता है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q20. सूर्य की सबसे बाहरी परत को क्या कहते हैं?
(a) स्थलमंडल (b) वर्णमंडल
(c) प्रकाशमंडल (d) कोरोना
Ans : (d) सूर्य के वातवरण को अंदर से बाहर (Inner to outer) की तरफ तीन भागों में विभाजित किया गया है‚ 1. फोटोस्पीयर (प्रकाश मंडल ) 2. क्रोमोस्फीयर (वर्णमण्डल) 3. कोरोना। प्रकाशमंडल भाग को मनुष्य के नग्न आँखों से देखा जा सकता है। परंतु कोरोना जो बाह्यतम् भाग है केवल सूर्यग्रहण के समय ही दिखाई देता है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q21. विश्व में जल संकट का प्रमुख कारण है
(a) नगरीकरण (b) औद्योगीकरण
(c) विश्व के तापमान में वृद्धि (d) अम्ल वर्षा
Ans. : (a) जल संकट का प्रमुख कारण बढ़ता हुआ नगरीकरण है क्योंकि नगरीकरण के बढ़ने के साथ जल प्रदूषण बढ़ता जा रहा है तथा पीने योग्य जल की कमी होती जा रही है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q22. रक्त का थक्का बनने में सहायक है
(a) विटामिन A (b) विटामिन B
(c) विटामिन E (d) विटामिन K
Ans: (d) रक्त थक्का जमाने में विटामिन K सहायक होता है। विटामिन K में उपस्थित तत्व प्रोथ्राम्बिन (Prothrombin) रक्त का थक्का जमाने का मुख्य अवयव होता है। इसका रासायनिक नाम नैफ्थोक्विनोन है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q23. पौधो को वायुमण्डल का शुद्धिकारक कहा जाता है‚ क्योंकि इसमें होती है
(a) श्वसन की क्रिया
(b) वाष्पोत्सर्जन की क्रिया
(c) प्रकाश-संश्लेषण की क्रिया
(d) ये सभी
Ans. (c) : पौधों को वायुमण्डल का शुद्धिकारक कहा जाता है‚ क्योंकि इसमें प्रकाश संश्लेषण की क्रिया होती है। पौधे प्रकाश संश्लेषण क्रिया के फलस्वरूप कार्बनडाई ऑक्साइड को अवशोषित कर ऑक्सीजन गैस का उत्सर्जन करती है‚ जिसके कारण वायुमण्डल शुद्ध बना रहता है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q24. निम्नलिखित में से कौन-सा प्राथमिक स्तर पर विज्ञान शिक्षण का वांछित उद्देश्य है?
(a) विज्ञान के तथ्यों और सिद्धान्तों एवं इसके अनुप्रयोगों को जानना
(b) प्राकृतिक जिज्ञासा‚ सौन्दर्यपरकता की अनुभूति तथा विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी में सृजनात्मकता का पोषण
(c) ईमानदारी‚ सत्यनिष्ठा और सहयोग के मूल्यों को आत्मसात करना
(d) उपरोक्त सभी
Ans. (d) : प्राथमिक स्तर पर विज्ञान शिक्षण का उद्देश्य विज्ञान के तथ्यों और सिद्धांतो को जानना‚ प्राकृतिक जिज्ञासा‚ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी में सृजनात्मकता का पोषण‚ ईमानदारी‚ सत्यनिष्ठा और सहयोग के मूल्यों की आत्मसात करना होता है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q25. सूर्य की सबसे ऊपरी परत को क्या कहते है?
(a) क्रोमोस्फियर (वर्ण मंडल)
(b) प्रकाश मंडल
(c) रेडियोएक्टिव जोन
(d) कोरोना (किरीट)
Ans : (d) सूर्य के सबसे ऊपरी परत को कोरोना कहते है। पूर्ण सूर्यग्रहण के समय वह श्वेत वर्ण का होता है। कोरोना चाँद या पानी की बूँदो के विवर्तन के द्वारा सूर्य के चारों ओर बनाई गयी एक ‘पस्टेल हेलो’ को कहते है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q26. ‘डेसीबल’ निम्नलिखित में से किसे मापने की इकाई है?
(a) गहराई (b) ध्वनि
(c) तापमान (d) वायुदाब
Ans. : (b) ध्वनि की तीव्रता मापने के लिए डेसीबल (dB) इकाई का प्रयोग किया जाता है। मनुष्य के लिए 80 डेसीबल से अधिक की ध्वनि हानिकारक होती है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q27. यदि एक अध्यापक आलू‚ चावल‚ ब्रेड व शक्कर के उदाहरणों का सहारा लेता है‚ तो वह क्या पढ़ाना चाहता है?
(a) विटामिन
(b) कार्बोहाइड्रेट
(c) प्रोटीन
(d) खनिज लवण
Ans. : (b) अध्यापक कार्बोहाइड्रेट के बारे में पढ़ाना चाहता है क्योंकि आलू‚ चावल‚ ब्रेड शक्कर सभी कार्बोहाइड्रेट के मुख्य दोत हैं। जबकि अंडा‚ मांस‚ मछली‚ सोयाबीन आदि प्रोटीन के दोत हैं।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q28. अवतल दर्पण के अत्यन्त निकट‚ जब बिम्ब को रखते है‚ तो प्रतिबिम्ब होता है
(a) वास्तविक‚ सीधा एवं छोटा
(b) आभासी‚ सीधा एवं आकर्षित
(c) आभासी‚ उल्टा एवं छोटा
(d) वास्तविक‚ उल्टा एवं छोटा
Ans. (b) : अवतल दर्पण के अत्यन्त निकट जब बिम्ब को रखते हैं‚ तो प्रतिबिम्ब आभासी सीधा एवं आवर्धित बनेगा‚ क्योंकि वस्तु फोकस एवं ध्रुव के बीच होगी‚ जिससे बिम्ब दर्पण के पीछे बनेगा और यह वस्तु से आवर्धित (बड़ा) होगा।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q29. पर्यावरण अध्ययन के अधिगम का सिद्धांत कौन-सा है?
(a) आवश्यकता का सिद्धांत (b) उपयोगिता का सिद्धांत
(c) जीवन से सम्बन्धित होने का सिद्धांत
(d) उपरोक्त सभी
Ans. (d) : आवश्यकता का सिद्धांत उपयोगिता का सिद्धांत‚ तथा जीवन से संबंधित होने का सिद्धांत सभी पर्यावरण अध्ययन के अधिगम के सिद्धांत है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Q30. सौर ऊर्जा किसके द्वारा उत्पन्न होती है? SSC CGL (TIER-1) 27-10-2016, 1.15 pm
(a) संलयन प्रक्रिया (b) विखंडन प्रक्रिया
(c) दाहन प्रक्रिया (d) इनमें से कोई नहीं
Ans : (a) सौर ऊर्जा की उत्पत्ति नाभिकीय संलयन की प्रक्रिया द्वारा होती है। इस नाभिकीय संलयन की क्रिया में हाइड्रोजन के परमाणु मिलकर हीलियम में परिवर्तित होते रहते है। इस प्रक्रिया में अपार ऊर्जा विमुक्त होती है।
Jharkhand JTET EVS Environment Studies Previous Papers in Hindi


Leave a Reply

Top
error: Content is protected !!